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प्रश्न
टोपी शुक्ला पाठ के आधार पर बताइए कि टोपी को किन-किन से अपनापन मिला? क्या आज के समय में भी ऐसा अपनेपन की प्राप्ति संभव है?
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उत्तर
‘टोपी शुक्ला’ पाठ से पता चलता है कि टोपी को अपने मित्र इफ्फ़न, उसकी दादी और घर की नौकरानी सीता से अपनापन मिलता है। टोपी और इफ्फ़न सहपाठी हैं जो सम-वयस्क हैं और इतने निकट आ जाते हैं कि उन्हें अपनापन मिलने लगता है। इसी प्रकार इफ्फ़न की दादी और सीता ही इफ़्फ़न के दुख को समझती हैं और अपनत्वपूर्ण व्यवहार करती हैं। हाँ, आज के समय में भी ऐसा अपनेपन की प्राप्ति संभव है क्योंकि अपनेपन’ की राह में जाति, धर्म और उम्र आड़े नहीं आ सकते हैं। यह दो लोगों के सोच-विचार और व्यवहार पर निर्भर करता है।
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पूरक पाठ्य-पुस्तक पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में लिखिए:
'टोपी शुक्ला का दोस्त इफ़्फ़न था लेकिन उसकी घनिष्ठ दोस्ती इफ़्फ़न की दादी से भी थी।' इस कथन को 'टोपी शुक्ला' पाठ के आधार पर स्पष्ट कीजिए।
