मराठी

इस कविता का कौन-सा भाग आपको सबसे अच्छा लगा और क्यों? - Hindi Course - B

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

इस कविता का कौन-सा भाग आपको सबसे अच्छा लगा और क्यों?

टीपा लिहा
Advertisements

उत्तर

इस कविता में मनुष्य के विभिन्न रूप दिखाए गए हैं। यही भाग बहुत अच्छा है −

दुनिया में बादशाह है सो है वह भी आदमी
और मुफ़लिस-ओ-गदा है सो है वो भी आदमी
ज़रदार बेनवा है सो है वो भी आदमी
निअमत जो खा रहा है वो भी आदमी
टुकड़े चबा रहा है सो है वो भी आदमी

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 9 B)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 9: नज़ीर अकबराबादी - आदमी नामा - प्रश्न अभ्यास [पृष्ठ ८५]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Sparsh Part 1 Class 9
पाठ 9 नज़ीर अकबराबादी - आदमी नामा
प्रश्न अभ्यास | Q 1.4 | पृष्ठ ८५

संबंधित प्रश्‍न

‘जीवन संघर्ष का ही नाम है’ इस विषय पर कक्षा में परिचर्चा का आयोजन कीजिए।


‘अग्नि पथ’ का प्रतीकार्थ स्पष्ट कीजिए।‘अग्नि पथ’ कविता में निहित संदेश अपने शब्दों में स्पष्ट कीजिए।


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:
जब शुक गाता है, तो शुकी के हृदय पर क्या प्रभाव पड़ता है?


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए:
प्रेमी जब गीत गाता है, तब प्रेमिका की क्या इच्छा होती है?


संदर्भ सहित व्याख्या कीजिए 
गाता शुक जब किरण बसंत
छूती अंग पर्ण से छनकर


निम्नलिखित उदाहरण में 'वाक्य-विचलन'को समझने का प्रयास कीजिए। इसी आधार पर प्रचलित वाक्य-विन्यास लिखिए :
उदाहरण: तट पर एक गुलाब सोचता
एक गुलाब तट पर सोचता है।

हुई न क्यों मैं कड़ी गीत की


तोते का गीत सुनकर शुकी की क्या दशा हुई ?


तत्कालीन समाज में व्याप्त स्पृश्य और अस्पृश्य भावना में आज आए परिवर्तनों पर एक चर्चा आयोजित कीजिए।


न्यायालय द्वारा सुखिया के पिता को क्यों दंडित किया गया?


महामारी से सुखिया पर क्या प्रभाव पड़ा? इससे उसके पिता की दशा कैसी हो गई?


सुखिया के पिता को मंदिर में देखकर भक्तों ने क्या-क्या कहना शुरू कर दिया?


'आदमी नामा' शीर्षक कविता के इन अंशो को पढ़कर आपके मन में मनुष्य के प्रति क्या धारणा बनती है?


निम्नलिखित में अभिव्यक्त व्यंग्य को स्पष्ट कीजिए:
पगड़ी भी आदमी की उतारे है आदमी
चिल्ला के आदमी को पुकारे है आदमी
और सुन के दौड़ता है सो है वो भी आदमी


आदमी किन स्थितियों में पीर बन जाता है?


निम्नलिखित का भाव स्पष्ट कीजिए :
रहिमन मूलहिं सींचिबो, फूलै फलै अघाय।


रहीम का मानना है कि व्यक्ति को अपनी पीड़ा छिपाकर रखनी चाहिए, ऐसा क्यों?


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर दीजिए :
पहले पद की प्रत्येक पंक्ति के अंत में तुकांत शब्दों के प्रयोग से नाद-सौंदर्य आ गया है, जैसे- पानी, समानी आदि। इस पद में से अन्य तुकांत शब्द छाँटकर लिखिए।


नीचे लिखी पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए :
नीचहु ऊच करै मेरा गोबिंदु काहू ते न डरै


पाठ में आए दोनों पदों को याद कीजिए और कक्षा में गाकर सुनाइए।


जैसे चितवत चंद चकोरा’ के माध्यम से रैदास ने क्या कहना चाहा है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×