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संवदिया कि क्या विशेषताएँ हैं और गाँववालों के मन में संवदिया की क्या अवधारणा हैं?

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प्रश्न

संवदिया कि क्या विशेषताएँ हैं और गाँववालों के मन में संवदिया की क्या अवधारणा हैं?

संक्षेप में उत्तर
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उत्तर

संवदिया कि विशेषताएँ इस प्रकार हैं-

  1. दिए गए संवाद को जैसे है, वैसा ही बोलना पड़ता है।
  2. संवाद के साथ भावों को भी वैसे का वैसा बताना पड़ता है।
  3. संवाद को समय पर पहुँचाना एक संवदिया की विशेषता होती है।
  4. संवदिया को भावनाओं में नहीं बहना चाहिए। उसे संवाद को भावनाओं से अलग रखना चाहिए।
  5. उसे मार्ग का ज्ञान होना चाहिए।
  6. संवाद को पहुँचाने में गोपनियता बहुत आवश्यक है।
    गाँववालों के मन में अवधारणा है कि संवदिया एक कामचोर, निठल्ला तथा पेटू आदमी होता है, जिसके पास कोई काम नहीं होता, वह संवदिया बन जाता है।
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संवदिया
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अध्याय 2.03: फणीश्वरनाथ 'रेणु' (संवदिया) - प्रश्न-अभ्यास [पृष्ठ १११]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Antara Bhag 2 [English] Class 12
अध्याय 2.03 फणीश्वरनाथ 'रेणु' (संवदिया)
प्रश्न-अभ्यास | Q 1. | पृष्ठ १११

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