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प्रश्न
साबुनों की अपेक्षा संश्लेषित अपमार्जक किस प्रकार श्रेष्ठ हैं?
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उत्तर
अपमार्जक का प्रयोग मृदु तथा कठोर जल दोनों में किया जा सकता है क्योंकि ये कठोर जल में भी झाग देते हैं। इसका कारण यह है कि सल्फोनिक अम्ल तथा इनके कैल्सियम तथा मैग्नीशियम लवण जल में विलेय होते हैं जबकि वसीय अम्ल तथा इनके कैल्सियम और मैग्नीशियम लवण अविलेय होते हैं।
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ग्लिसरिल ओलिएट से सोडियम साबुन बनाने के लिए रासायनिक
समीकरण लिखिए। इनके संरचनात्मक सूत्र नीचे दिए गए हैं:
(C15H32COO)3 C3H5 – ग्लिसरिल ओलिएट।
निम्नलिखित शब्द को उपयुक्त उदाहरण द्वारा समझाइए-
धनायनी अपमार्जक
निम्नलिखित शब्द को उपयुक्त उदाहरण द्वारा समझाइए-
अनायनिक अपमार्जक
साबुन कठोर जल में कार्य क्यों नहीं करता?
क्या आप साबुन तथा संश्लेषित अपमार्जकों का प्रयोग जल की कठोरता जानने के लिए कर सकते हैं?
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यदि जल में कैल्सियम हाइड्रोजनकार्बोनेट घुला हो तो आप कपड़े धोने के लिए साबुन एवं संश्लेषित अपमार्जकों में से किसका प्रयोग करेंगे?
निम्नलिखित यौगिक में जलरागी एवं जलविरागी भाग दर्शाइए-
\[\ce{CH3(CH2)10CH2OSO^-_3\overset{+}{N}a}\]
निम्नलिखित यौगिक में जलरागी एवं जलविरागी भाग दर्शाइए-
\[\ce{CH3(CH2)15 \overset{+}{N}(CH3)3\overset{-}{B}r}\]
निम्नलिखित यौगिक में जलरागी एवं जलविरागी भाग दर्शाइए-
\[\ce{CH3(CH2)16 COO(CH2CH2O)n CH2CH2OH}\]
