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निम्नलिखित विलयन के लिए राउल्ट के नियम का उपयोग करते हुए स्पष्ट कीजिए कि विलयन का कल वाष्प दाब अवयवों के मोल अंश से कैसे संबद्ध है? NaCl (s) तथा H2O (l) - Chemistry (रसायन विज्ञान)

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प्रश्न

निम्नलिखित विलयन के लिए राउल्ट के नियम का उपयोग करते हुए स्पष्ट कीजिए कि विलयन का कल वाष्प दाब अवयवों के मोल अंश से कैसे संबद्ध है?

NaCl (s) तथा H2O (l)

संक्षेप में उत्तर
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उत्तर

गैर-वाष्पशील विलेय यानी NaCl (s) और H2O (l) वाले घोल के लिए, राउल्ट का नियम केवल वाष्पशील घटक (l) यानी H2O (l) पर लागू होता है और कुल वाष्प दबाव के रूप में लिखा जाता है।

p = p1 = x1p1°

p1° ये H2O (l) के वाष्प दाब को दर्शाता है।

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द्रवीय विलयनों का वाष्प दाब
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 2: विलयन - अभ्यास [पृष्ठ २९]

APPEARS IN

एनसीईआरटी एक्झांप्लर Chemistry [Hindi] Class 12
अध्याय 2 विलयन
अभ्यास | Q VI. 56. (ii) | पृष्ठ २९

संबंधित प्रश्न

साम्यावस्था पर वाष्पशील द्रव विलायक में ठोस विलेय के घुलने की दर ______।


द्रव विलायक की निश्चित मात्रा में घुल सकने वाली ठोस विलेय की अधिकतम मात्रा _______ निर्भर नहीं करती।


निम्नलिखित सूचना के आधार पर सही विकल्प का चयन कीजिए।

सूचना-

  1. ब्रोमोएथेन और क्लोरोएथेन के मिश्रण में A−A और B−B प्रकार की अंतराओणिकक अन्योन्य क्रियाएँ A-B प्रकार की अन्योन्य क्रियाओं के लगभग बराबर हैं।
  2. एथेनॉल और ऐसीटोन के मिश्रण में A−A और B−B प्रकार की अंतराआणिव्वक अन्योन्य क्रियाएँ A-B प्रकार की अन्योन्य क्रियाओं से प्रबल हैं।
  3. क्लोरोफॉर्म और एसीटोन के मिश्रण में A−A और B−B प्रकार की अंतराआणिवक अन्योन्य क्रियाएँ A−B प्रकार की अन्योन्य क्रियाओं से दुर्बल हैं।

निम्नलिखित सूचना के आधार पर सही विकल्प का चयन कीजिए।

सूचना- मेथेनॉल में ऐसीटोन मिलाने पर मेथेनॉल अणुओं के मध्य उपस्थित कुछ हाइड्रोजन आबंध टूट जाते हैं।


निम्नलिखित में से कौन-से द्विअंगी मिश्रणों का संघटन द्रव और वाष्प प्रावस्था में समान होगा?

  1. बेन्जीन - टॉलुईन
  2. जल-नाइट्रिक अम्ल
  3. जल-एथेनॉल
  4. n - हेक्सेन - n - हेप्टेन

एक द्विअंगी आदर्श द्रव विलयन के लिए कुल वाष्प दाब में परिवर्तन तथा विलयन के संघटन के मध्य कौन-से वक्र सही हैं?

(i)

(ii)

(iii)

(iv)


दो द्रवों A और B के द्विअंगी मिश्रण में से संघटकों को आसवन द्वारा अलग किया जा रहा था। कुछ समय पश्चात् संघटकों का अलग होना रूक गया और वाष्प तथा द्रव प्रावस्था का संघटन एकसमान हो गया तथा आसुत में दोनों ही संघटक आने लगे। स्पष्ट कीजिए ऐसा क्यों हुआ।


कॉलम I में दिए गए नियम को कॉलम II में दिए गए व्यंजक से सुमेलित कीजिए-

कॉलम I कॉलम II
(i) राउल्ट का नियम (a) ΔTf = Kfm
(ii) हेनरी का नियम (b) Π = CRT
(iii) क्वथनांक में उन्नयन (c) p = x1p1° + x2p2°
(iv) हिमांक में अवनमन (d) ΔTb = Kbm
(v) परासरण दाब (e) p = KH·x

कॉलम I में दिए गए मदों को कॉलम II में दिए गए व्यंजकों से सुमेलित कीजिए-

कॉलम I

कॉलम II

(i) द्रव्यमान प्रतिशत

(a) `"विलेय अवयव के मोलों की संख्या"/"विलयन का आयतन लिटर में"`

(ii) आयतन प्रतिशत

(b) `"किसी अवयव के मोलों की संख्या"/"सभी घटकों के मोलों की कुल संख्या"`

(iii) मोल अंश

(c) `"विलयन में विलेय अवयव का आयतन"/"विलयन का कल आयतन" xx 100`

(iv) मोललता

(d) `"विलयन में विलेय अवयव का द्रव्यमान"/"विलयन का कुल आयतन" xx 100`

(v) मोलरता

(e) `"किसी (विलेय) अवयव के मोलों की संख्या"/ "विलायक का द्रव्यमान किलोग्राम में"`


निम्नलिखित विलयन के लिए राउल्ट के नियम का उपयोग करते हुए स्पष्ट कीजिए कि विलयन का कल वाष्प दाब अवयवों के मोल अंश से कैसे संबद्ध है?

CHCl3 (l) तथा CH2Cl2 (l)


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