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प्रश्न
‘मेरा छोटा-सा निजी पुस्तकालय’ पाठ से आज के विद्यार्थियों को क्या प्रेरणा लेनी चाहिए?
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उत्तर
कहा जाता है कि पुस्तकें मनुष्य की सबसे अच्छी मित्र होती हैं। इनमें तरह-तरह का बहुउपयोगी ज्ञान भरा रहता है। पुस्तकें ज्ञान को एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी तक ले जाने का साधन हैं। ये हमारे सुख-दुख की साथी हैं। पाठ में लेखक भी अंतिम समय तक इनके बीच रहना चाहता है। ऐसे में आज के विद्यार्थियों को पाठ से निम्नलिखित प्रेरणाएँ लेनी चाहिए-
- पुस्तकों के प्रति प्रेम एवं लगाव बनाए रखना चाहिए।
- पुस्तकों को नष्ट होने से बचाना चाहिए।
- पुस्तकों को फाड़ना या जलाना नहीं चाहिए।
- पुस्तकों के पृष्ठों पर अश्लील बातें नहीं लिखनी चाहिए।
- पुस्तकें पढ़ने की आदत विकसित करनी चाहिए।
- उपहार में पुस्तकों का लेन-देन करना चाहिए।
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अनुस्वार |
अनुनासिक | |
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(क) |
अंदर |
(क) |
ढूँढ़ते |
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(ख) |
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(ख) |
____________ |
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(ग) |
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(ग) |
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(घ) |
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(घ) |
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(ङ) |
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(ङ) |
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निम्नलिखित का आशय स्पष्ट कीजिए −
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