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प्रश्न
अभिकथन - अर्रेनिअस समीकरण से सामान्य तथा जटिल अणुओं के लिए निर्धारित वेग स्थिरांक लगभग परिशुद्ध होते हैं।
तर्क - संघट्ट के समय अभिक्रियक अणुओं का कोई भी अभिविन्यास होने पर भी रासायनिक परिवर्तन हो जाता है।
विकल्प
अभिकथन और तर्क दोनों सही हैं और तर्क अभिकथन का सही स्पष्टीकरण है।
अभिकथन और तर्क दोनों सही कथन हैं परन्तु तर्क अभिकथन का स्पष्टीकरण नहीं है।
अभिकथन सही है परन्तु तर्क गलत कथन है।
अभिकथन और तर्क दोनों ही गलत कथन हैं।
अभिकथन गलत है परन्तु तर्क सही कथन है।
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उत्तर
अभिकथन सही है परन्तु तर्क गलत कथन है।
स्पष्टीकरण -
अर्रेनिअस समीकरण से दर स्थिर निर्धारित की जाती है, सरल और जटिल अणुओं के लिए काफी सटीक होती है क्योंकि केवल वे अणु जो टकराव के दौरान उचित अभिविन्यास रखते हैं और पर्याप्त गतिज रासायनिक परिवर्तन का नेतृत्व करते हैं। उचित अभिविन्यास एक रासायनिक परिवर्तन का कारण बनता है क्योंकि यह अणुओं के बीच पुराने बंध को तोड़ने और नए लोगों के बंधऩ की सुविधा देता है।
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| कॉलम I | कॉलम II |
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| (ii) तार्क्षणिक वेग | b) सामान्यत: परिवर्तन का वेग परिलक्षित नहीं होता। |
| (iii) औसत वेग | (c) लंबी समयावधि |
