Advertisements
Advertisements
प्रश्न
।। आराम हराम है ।।
Advertisements
उत्तर
'आराम हराम है।' यह नारा देश के पहले प्रधानमंत्री पं. जवाहरलाल नेहरू ने दिया था। नेहरू जी ने यह नारा उस समय दिया था, जब देश स्वतंत्र हुआ था। आलस करना या अत्यधिक आराम करना हमारे लिए नुकसानदेह हो सकता है। परीक्षा का समय हो, तो डटकर पढ़ाई करनी चाहिए। किसी प्रकार की प्रतियोगिता हो, तो उसकी तैयारी करनी चाहिए। सोचो यदि हम परीक्षा की तैयारी करने के बजाय आराम करते हैं, तो परीक्षा में असफल भी हो सकते हैं। हम छोटे से जीव चींटी से भी परिश्रम की सीख ले सकते हैं। वह दिन-रात मेहनत कर अपना भोजन इकट्ठा करती है और बरसात के वक्त आराम से अपनी मेहनत का लाभ उठाती है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
मैंने समझा वारिस कौन? पाठ से
प्राचीन काल से आज तक प्रचलित संदेश वहन के साधनों की सचित्र सूची तैयार करो।
मैंने समझा दो लघुकथाएँ पाठ से
तुम्हें रुपयों से भरा बटुआ मिल जाए तो .....
यदि तुम पशु-पक्षियों की बोलियाँ समझ पाते तो .....
चित्र पहचानकर उनके नाम लिखो:

____________
विभिन्न पशु-पक्षियों की बोलियों की नकल सुनाओ।
अपने साथ घटित कोई मजेदार घटना बताओ।
मार्ग पर चलते हुए तुमने कुछ यातायात संकेत देखे होंगे। इन सांकेतिक चिह्न का क्या अर्थ है, लिखो :

निम्नलिखित विषय पर 120 शब्दों में रचनात्मक लेख लिखिए -
आर्टीफिशियल इंटेलीजेंस का समाज पर प्रभाव
