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प्रश्न
5.00 mm त्रिज्या के किसी साबुन के विलयन के बुलबुले के भीतर दाब-आधिक्य क्या है? 20°C ताप पर साबुन के विलयन का पृष्ठ-तनाव 2.50 × 10-2 Nm-1 है। यदि इसी विमा का कोई वायु का बुलबुला 1.20 आपेक्षिक घनत्व के साबुन के विलयन से भरे किसी पात्र में 40.0 cm गहराई पर बनता तो इस बुलबुले के भीतर क्या दाब होता, ज्ञात कीजिए। (1 वायुमंडलीय दाब = 101 × 105 Pa)
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उत्तर
(a) बुलबुले की त्रिज्या r = 5.00 mm = 5.0 × 10−3 m,
विलयन का पृष्ठ-तनाव S = 2.50 × 10−2 Nm−1
साबुन के घोल का बुलबुला वायु में बनता है; अतः इसके दो मुक्त पृष्ठ होंगे।
∴ बुलबुले के भीतर दाब - आधिक्य `P_"ex." = (4 S)/r`
= `(4 xx 2.50 xx 10^-2 Nm^-1)/(5.0 xx 10^-3 m)`
= 20 Pa
(b) विलयन का आपेक्षिक घनत्व = 1.20
∴ विलयन का घनत्व ρ = 1.20 × 103 kg m−3 ...[∵ जल के लिए ρ = 103 kg m−3]
बुलबुले की विलयन के मुक्त तल से गहराई
h = 40.0 cm = 0.4 m
अब बुलबुले का केवल एक तल होगा ; अतः इसके भीतर दाब - आधिक्य
`P_"ex." = (2 S)/r` = 10 Pa
जबकि बुलबुले की गहराई पर, उसके बाहर दाब
P0 = वायुमंडलीय दाब + द्रव - स्तंभ का दाब
= Pa + hρg
= 1.01 × 105 Pa + 0.4 m × 1.2 × 103 kg m−3 × 9.8 ms−2
= (1.01 × 105 + 0.047 × 105) Pa
P0 = 1.057 × 105 Pa ≈ 1.06 × 105 Pa
∴ बुलबुले के भीतर दाब
Pl = P0 + Pex.
= (1.06 × 105 + 10) Pa
≈ 1.06 × 105 Pa ...[तीन सार्थक अंकों तक]
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