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Chapters
2: साझेदारी लेखांकन - आधारभूत अवधारणाएँ
▶ 3: साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश
4: साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदारी की सेवानिवृति/मृत्यु
5: साझेदारी फर्म का विघटन
![NCERT solutions for लेखाशास्त्र अलाभकारी संस्थाएँ एवं साझेदारी खाते [हिंदी] इयत्ता १२ chapter 3 - साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश NCERT solutions for लेखाशास्त्र अलाभकारी संस्थाएँ एवं साझेदारी खाते [हिंदी] इयत्ता १२ chapter 3 - साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश - Shaalaa.com](/images/lekhashastra-alaabhkaari-sansthaye-evam-sajhedaari-khate-hindi-class-12_6:a01698c172b745558c81a6164a357776.jpg)
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Solutions for Chapter 3: साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश
Below listed, you can find solutions for Chapter 3 of CBSE NCERT for लेखाशास्त्र अलाभकारी संस्थाएँ एवं साझेदारी खाते [हिंदी] इयत्ता १२.
NCERT solutions for लेखाशास्त्र अलाभकारी संस्थाएँ एवं साझेदारी खाते [हिंदी] इयत्ता १२ 3 साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश अभ्यास के लिए प्रश्न [Pages 167 - 174]
लघु उत्तर प्रश्न
उन मदों की पहचान कीजिए जिनके संदर्भ में प्रवेश के समय समायोजन किया जाता है।
नए साझेदार के प्रवेश पर पुराने साझेदारों के नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना क्यों आवश्यक होती है।
त्याग अनुपात क्या है। इसमें गणना क्यों की जाती है?
किन अवसरों पर त्याग अनुपात का प्रयोग होता है?
यदि प्रवेश के समय ख्याति, फर्म की पुस्तकों के विद्यमान हो और नया साझेदार अपने लाभ में भाग के लिए नकद ख्याति लेकर आता है तो विद्यमान ख्याति हेतु लेखांकन व्यवहार क्या होगा?
साझेदार के प्रवेश के समय परिसंपत्तियों और दायित्वों के पुर्नमुल्यांकन की आवश्यकता क्यों होती है?
दीर्घ उत्तर प्रश्न
क्या आप यह उचित समझते हैं कि साझेदार के प्रवेश के समय परिसंपत्तियों एवं दायित्वों का पुनर्मुल्यांकन किया जाना चाहिए। साथ ही यह भी बताएँ इसका लेखांकन व्यवहार क्या होगा?
ख्याति क्या है?
ख्याति को प्रभावित करने वाले तत्त्व कौन से हैं।
ख्याति के मूल्यांकन की विधियों की व्याख्या करें।
यदि समस्त साझेदारों के मध्य यह समझोता होता है कि प्रत्येक साझेदार की पूँजी नए लाभ विभाजन अनुपात के अनुसार निर्धारित की जाएगी तो आप सभी साझेदारों की नयी पूँजी कैसे निकलेंगें।
विस्तारपूर्वक बताएँ कि ख्याति का लेखांकन व्यवहार किस प्रकार होगा यदि नया साझेदार ख्याति में अपना भाग नकद लाने में असमर्थ है।
साझेदार के प्रवेश के समय ख्याति के लेखांकन व्यवहार की विभिन्न विधियों को विस्तारपूर्वक बताएँ।
साझेदार के प्रवेश पर संचित लाभ और हानि का लेखांकन व्यवहार क्या होगा?
पुनर्मूल्यांकन के पश्चात फर्म की परिसंपत्तियों एवं दायित्व किस् मूल्य पर फर्म की पुस्तकों में दर्शाये जाते हैं। काल्पनिक तुलन पत्र की सहायता से समझाएँ।
संख्यात्मक प्रश्न
अ और ब फर्म में साझेदार हैं उनका लाभ विभाजन अनुपात 3: 2 है। वे स को साझेदारी में 1/6 भाग के लाभ के लिए प्रवेश देते हैं। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
अ, ब और स एक फर्म में साझेदार हैं। लाभ विभाजन अनुपात 3: 2: 1 है। वे द को 10 % लाभ के लिए प्रवेश देते हैं। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
एक्स और वाई साझेदार हैं लाभ विभाजन अनुपात 5: 3 है। जेड को 1/10 भाग के लिए प्रवेश देते हैं जो कि वह एक्स और वाई से समान रूप से अधिग्रहण करता है। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
अ, ब और स साझेदार हैं लाभ का विभाजन 2 : 2 : 1 के अनुपात से करते हैं। वे द को 1/8 भाग के लिए प्रवेश देते हैं जो कि वह अ से अधिग्रहित करता है। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
पी और क्यु साझेदार हैं उनका लाभ विभाजन अनुपात 2: 1 है। वे आर को साझेदारी में 5% भाग के लिए प्रवेश देते हैं जिसे आर, पी और क्यु से 1 : 2 के अनुपात में अधिग्रहण करता है। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
अ, ब और स साझेदार हैं लाभ का विभाजन 3 : 2 : 2 के अनुपात में करते हैं। वे द को 1/5 भाग के लिए साझेदारी में प्रवेश देते हैं जो कि वह अ, ब और स से क्रमश 2: 2: 1 के अनुपात में अधिग्रहण करता है। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
अ और ब फर्म में साझेदार हैं लाभ का विभाजन 3 : 2 के अनुपात में करते हैं वे स को `3/4` भाग के लिए प्रवेश देते हैं जो कि वह अ से `2/7` और ब से `1/7` भाग लेता है। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
अ, ब और स एक फर्म में साझेदार हैं। लाभ का विभाजन 3: 3: 2 के अनुपात में करते हैं। वे द को `4/7` भाग के लिए प्रवेश देते हैं। द अपना भाग अ से `2/7` ब से `1/7` और स से `1/7` लेता है। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
राधा और रूकमणी फर्म में साझेदार हैं तथा लाभ का विभाजन 3 : 2 के अनुपात में करती हैं। वे गोपी को साझेदारी में प्रवेश देती हैं। राधा अपने भाग का 1/3 और रुकमणी अपने भाग का 1/4 भाग गोपी के पक्ष में समर्पित करती हैं। नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
सिंह, गुप्ता और खान एक फर्म में साझेदार हैं। लाभ का विभाजन 3 : 2: 3 के अनुपात में करते हैं। वे जैन को साझेदारी में प्रवेश देते हैं। सिंह अपने भाग का `1/3` भाग, गुप्ता अपने भाग का `1/4` भाग और खान अपने भाग का `1/5` भाग जैन के पक्ष में त्याग करता है नए लाभ विभाजन अनुपात की गणना करें।
संदीप और नवदीप फर्म में साझेदार हैं। लाभ का विभाजन 5: 3 के अनुपात में करते हैं। वे स को फर्म में प्रवेश देते हैं और नए विभाजन लाभ को 4: 2: 1 के अनुपात में विभाजित करने के लिए सहमत हैं। त्याग अनुपात की गणना करें।
राव और स्वामी फर्म में साझेदार हैं लाभ का विभाजन 3 : 2 के अनुपात मे करते हैं। वे रवि को 1/8 भाग के लाभ के लिए साझेदार बनाते हैं। राव और स्वामी के बीच नया विभाजन अनुपात 4: 3 है। नए लाभ विभाजन अनुपात और त्याग अनुपात की गणना करें।
ख्याति के मूल्य की गणना पाँच वर्षो के औसत लाभ के 4 वर्षों के क्रय के आधार पर करें। पिछले पाँच वर्षो का लाभ इस प्रकार है:
|
|
राशि (रु.) |
| 2012 | 40,000 |
| 2013 | 50,000 |
| 2014 | 60,000 |
| 2015 | 50,000 |
| 2016 | 60,000 |
व्यवसाय में विनियोजित पूँजी 2,00,000 रुपये है। फर्म की पूँजी पर प्रत्याय की दर 15% है। वर्ष 2016-17 के दौरान फर्म में 48,000 रु. का लाभ अर्जित किया। ख्याति की गणना अधिलाभ के 3 वर्षो के क्रम के आधार पर करें।
31 मार्च 2017 को राम और भारत की पुस्तकें 5,00,000 रुपये फर्म की पूँजी को दर्शाती हैं और गत 5 वर्षों का लाभ क्रमशः 40,000 रुपये 50,000 रुपये, 70,000 रूपये और 25,000 रुपये है ख्याति के मूल्य की गणना गत 5 वर्षों के औसत अधिलामों के 3 वर्ष के क्रय के आधार पर यह मानते हुए करें कि सामान्य प्रतिफल दर 10% है।
राजन और रजनी फर्म में साझेदार है। उनकी पूँजी राजन 3,00,000 रुपये और रजनी 2,00,000 रुपये है। वर्ष 2015-16 के दौरान पूँजीगत विधि से ख्याति की गणना यह मानते हुए करें कि सामान्य प्रत्याय दर 20% है जबकि वास्तविक औसत लाभ 1,50,000 रु. है।
गत कुछ वर्षों के दौरान व्यापार ने 1,00,000 रुपये औसत लाभ अर्जित किया। ख्याति के रूप की गणना पूँजी करण विधि द्वारा करें यदि व्यवसाय की परिसंपत्तियाँ 10,00,000 रुपये और बाध्य दायित्व 1,80,000 रुपये हैं। सामान्य प्रतिफल दर 10% है।
वर्मा और शर्मा एक फर्म में साझेदार हैं लाभ और हानि का विभाजन 5: 3 के अनुपात में करते हैं। वे घोष को 1/5 भाग के लाभों के लिए साझेदार बनाते हैं। घोष पूँजी के रूप में 20,000 रुपये और अपने भाग की ख्याति के लिये 4,000 रुपये लाता है। आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ करें।
(अ) जब ख्याति की राशि का व्यवसाय में रखा जाएगा।
(ब) जब ख्याति की पूर्ण राशि को निकाला जाए।
(स) जब ख्याति की राशि का 50% निकाला जाए।
(द) जब ख्याति का भुगतान निजी रूप से कर दिया जाए।
अ और ब फर्म में साझेदार हैं। लाभ का विभाजन 3 : 2 के अनुपात से करते हैं। वे स को लाभ में 1/4 भाग के लिए साझेदारी में प्रवेश देते हैं। स पूँजी के लिए 30,000 रुपये और ख्याति की आवश्यक राशि रोकड़ में लाता है। फर्म की ख्याति का मूल्यांकन 20,000 रुपये किया गया। नया लाभ विभाजन 2 : 1 : 1 है। अ और ब अपने भाग की राशि को निकाल लेते हैं। रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें।
आरती और भारती फर्म में साझेदार है। लाभ का विभाजन 3: 2 के अनुपात में करते हैं। वे सारथी को लाभ में 1/4 भाग के लिए फर्म में प्रवेश देते हैं। सारथी अपनी पूँजी के लिए 50,000 रूपये और 1/4 भाग की ख्याति के लिये 10,000 रुपये लाती है। आरती और भारती की पुस्तकों में ख्याति का मूल्य 5,000 रुपये विद्यमान है। आरती, भारती और सारथी के मध्य का लाभ विभाजन का अनुपात 2: 1: 1 है। नयी फर्म की पुस्तकों में आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ अभिलेखन करें।
एक्स और वाई साझेदार हैं और 4 : 3 के अनुपात में लाभ व हानि का विभाजन करते हैं। वे जैड को लाभ में 1/8 भाग के लिए प्रवेश देते हैं। जैड 20,000 रूपये पूँजी के लिए और 1/8 भाग ख्याति के लिए 7,000 रुपये दर्शाने का निर्णय लेते हैं। एक्स, वाई और जैड की पुस्तकों में रोजनामचा प्रविष्टियाँ करें।
आदित्य और बालन साझेदार हैं तथा 3 : 2 के अनुपात में लाभ व हानि का विभाजन करते हैं। वे क्रिसटॉफर को लाभ में 1/4 भाग के लिए प्रवेश देते हैं। स्वीकृत लाभ विभाजन अनुपात 2 : 1 : 1 है। क्रिसटॉफ़र पूँजी के रूप में 50,000 रुपये लाता है। उसका ख्याति में भाग का मूल्य 15,000 रुपये स्वीकृत हुआ है। क्रिसटॉफ़र केवल 10,000 रुपये ख्याति के रूप में ला सका। फर्म की पुस्तकों में आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें।
अमर और समर एक फर्म में साझेदार हैं और उनका लाभ हानि विभाजन अनुपात 3: 1 है। वे कुँवर को लाभ में 1/4 भाग के लिए प्रवेश देते हैं। कुँवर ख्याति में अपने भाग को नकद लाने में असमर्थ है। कुँवर के प्रवेश पर फर्म की ख्याति 80,000 रुपये पर मूल्यांकित की गई है। कुँवर के प्रवेश पर ख्याति संबंधित रोज़नामचा प्रविष्टि दें।
मोहन लाल और सोहन लाल फर्म में साझेदार हैं तथा लाभ व हानि का विभाजन 3 : 2 के अनुपात में करते हैं वे राम लाल को लाभ में 1/4 भाग के लिए प्रवेश देते हैं। यह स्वीकृत हुआ है कि फर्म की ख्याति को गत 4 वर्षों के औसत लाभों के 3 वर्षों के लाभ इस प्रकार हैं: 2013 - 50,000 रुपये, 2014 - 60,000 रुपये, 2015 - 90,000 रूपये, 2016 - 70,000 रुपये। राम लाल ख्याति में अपना भाग लाने में असमर्थ है। रामलाल के प्रवेश पर आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें, जब:
(अ) ख्याति 2,02,500 रुपयों पर पुस्तकों में विद्यमान है।
(ब) ख्याति पुस्तकों में 2,500 रुपये पर दर्शायी गई है।
(स) ख्याति पुस्तकों में 2,05,000 रूपये पर दर्शायी गई है।
राजेश और मुकेश बराबर के साझेदार हैं। वे फर्म में हरी को प्रवेश देते हैं तथा राजेश, मुकेश और हरी के मध्य नया लाभ विभाजन अनुपात 4 : 3 : 2 है। हरी के प्रवेश पर ख्याति की गणना 36,000 रुपये पर की गई है। हरी ख्याति में अपना भाग लाने में असमर्थ है। राजेश, मुकेश और हरी ख्याति तुलन पत्र में न दर्शाने पर सहमत हैं। हरी के प्रवेश पर आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ द्रें।
अमर और अकबर फर्म में बराबर के साझेदार हैं। एंथोनी नए साझेदार के रूप में प्रवेश करता है तथा नया लाभ विभाजन अनुपात 4: 3: 2 है। ऐंथोनी ख्याति में अपना भाग, जोकि 45,000 रुपये है, लाने में असमर्थ है। ख्याति खाता खोले बगैर ख्याति के समायोजन का निर्णय लिया गया है। ख्याति के व्यवहार हेतु आवश्यक रोजनामचा प्रविष्टि दें।
दिया गया तुलन पत्र अ और ब का है जो 31 मार्च, 2017 को साझेदारी व्यवसाय चला रहे हैं। अ और ब 2 :1 के अनुपात में लाभ हानि का बँट्वारा करते है।
| 31 मार्च, 2017 को अ और ब का तुलन पत्र | ||||
|
दायित्व |
राशि |
परिसंपन्तियाँ | राशि (रु.) |
|
|
देय विपत्र |
10,000 |
हस्थस्थ रोकड़ |
10,000 | |
|
लेनदार |
58,000 |
बैंकस्थ रोकड़ |
40,000 | |
|
बकाया व्यय |
2,000 |
विविध देनदार |
60,000 | |
|
पूँजी: |
स्टॉक | 40,000 | ||
|
अ |
1,80,000 | 3,30,000 | संयंत्र | 1,00,000 |
|
ब |
1,50,000 | भवन | 1,50,000 | |
|
|
4,00,000 | 4,00,000 | ||
निम्न शर्तों पर स नए साझेदार के रूप में प्रवेश करता है:
- लाभ में 1/4 भाग के लिए स 1,00,000 रुपये पूँजी और 60,000 रुपये ख्याति में अपने भाग के लिए लाएगा।
- संयंत्र का मूल्य 1,20,000 रु. आंका गया और भवन के मूल्य में 10% की वृद्धि हुई।
- स्टॉक का मूल्य 4,000 रुपये अधिक आंका गया।
- देनदारों पर 5 % की दर से संदिग्ध-ऋणों के लिए प्रावधान बनाया गया।
- गैर-अभिलेखित लेनदारों की राशि 1,000 रुपये पाई गई।
आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें। साथ ही स के प्रवेश पर पुनर्मूल्यांकन खाता, साझेदारों के पूँजी खाते और तुलन पत्र तैयार करें।
लीला और मीना फर्म में साझेदार हैं और लाभ व हानि का विभाजन 5: 3 अनुपात में करती हैं। अप्रैल 2017 को वे ओम को फर्म में प्रवेश देती हैं। ओम के प्रवेश तिथि पर लीला और मीता के तुलन पत्र में सामान्य संचय 16,000 रुपये और लाभ व हानि खाता 24,000 (जमा) रुपये दर्शा रहा था। ओम के प्रवेश पर उपरोक्त मदों के व्यवहार हेतु आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें। लीला और ओम के मध्य नया लाभ विभाजन अनुपात 5 : 3 : 2 है।
अमित और विनय फर्म में साझेदार हैं। उनका लाभ विभाजन अनुपात 3 : 1 है। 01 अप्रैल 2017 को वे रंजन को फर्म में प्रवेश देते हैं। रंजन के प्रवेश पर लाभ व हानि खाता 40,000 रुपये (नाम शेष) दर्शा रहा है। आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टि दें।
अ और ब 3/4 और 1/4 अनुपात में लाभों का विभाजन करते हैं। 31 मार्च, 2017 को उनका तुलन पत्र इस प्रकार है:
|
31 मार्च, 2017 को अ और ब का तुलन पत्र |
|||
|
दायित्व |
राशि (रु.) |
परिसंपन्तियाँ | राशि (रु.) |
|
विविध लेनदार |
41,500 | बैंकस्थ रोकड़ |
26,500 |
| संचय निधि |
4,000 |
प्राप्य विपत्र |
3,000 |
|
पूँजी खाते: |
देनदार | 16,000 | |
| अ | 30,000 |
स्टॉक |
20,000 |
| ब | 16,000 |
फिक्सचर |
1,000 |
|
भूमि व भवन |
25,000 | ||
| 91,500 | 91,500 | ||
01 अप्रैल, 2017 को निम्न शर्तो पर स ने प्रवेश किया:
- स पूँजी के रूप में 10,000 रुपये देगा।
- स ख्याति के 5,000 रुपये देगा, जिसकी आधी राशि अ और ब आहरित करेंगें।
- स्टॉक और फ़िक्सचर्स के मूल्य में
10% की दर से कमी होगी तथा विविध देनदारों और प्राप्य विपत्र पर 5% की दर से संदिगध ऋणों से प्रावधान बनाया जाएगा।
- भूमि और भवन के मूल्य में 10% की दर से वृद्धि होगी।
- फर्म के विरुद्ध क्षतिपूर्ति का दावा है। जिसके लिए 1,000 रुपये तक के दायित्व का सृजन किया जाएगा।
- विविध लेनदारों में सम्मिलित 650 रुपये की एक मद जिस पर कोई दावा नहीं है, अपलिखित की जाएगी।
यह मानते हुऐ कि अ और ब के मध्य लाभ विभाजन अनुपात में कोई परिवर्तन नहीं आया है, उपरोक्त सूचनाओं के आधार पर फर्म की पुस्तकों में रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें और नया तुलन पत्र तैयार करें।
अ और ब साझेदार हैं 3 : 1 के अनुपात में लाभ व हानि का विभाजन करते हैं। 01 अप्रैल, 2017 को वे स को लाभों में भाग के लिए फर्म में प्रवेश देते हैं। स लाभ में अपने 1/4 भाग के लिए 20,000 रुपये लाता है। ख्याति, परिसंपत्तियों और दायित्वों के पुनर्मूल्यांकन आदि समायोजनों के पश्चात अ और ब की पूँजी क्रमशः 50,000 रुपये और 12,000 रुपये है। यह भी निर्णय लिया गया है कि साझेदारों को पूँजी नए लाभ विभाजन अनुपात के अनुरूप होगी। अ और ब की नयी पूँजी की गणना को यह मानते हुए कि अ और ब नए लाभ विभाजन अनुपात के अनुसार पूँजी रखते हुए अतिरिक्त धनराशि लाएँगे या आहरित करेंगे, जैसी भी स्थिति हो, आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें।
पिंकी, कुमार और रूपा साझेदार हैं और 3: 2: 1 के अनुपात में लाभ हानि का बँटवारा करते हैं। वे लाभों में 1/4 भाग के लिए सीमा को प्रवेश देते हैं जिसे वह पिंकी से 1/8 तथा कुमार और रूपा से 1/16 के अनुपात में प्राप्त करेगी। सीमा के प्रवेश पर नयी फर्म की कुल पूँजी 2,40,000 रुपये निर्धारित की गई है। सीमा नयी फर्म की कुल पूँजी के 1/4 भाग के बराबर नकद धनराशि लेकर आएगी। पूराने साझेदारों की पूँजी लाभ विभाजन अनुपात के अनुरूप होगी। ख्याति और परिसंपत्तियों और दायित्वों मे पुनर्मूल्यांकन संबंधी समस्त समायोजनों के पश्चात पिंकी, कुमार और रूपा को पूँजी क्रमशः 80,000 रुपये, 30,000 रुपये और 20,000 रुपये है। सभी साझेदारों की पूँजी की गणना करें और उपरोक्त समायोजनों के पश्चात पूँजी निर्धारित करने के लिए आवश्यक रोजनामचा प्रविष्टियाँ दें।
नीचे दिया गया तुलन पत्र अरूण, बबलू और चेतन का है जो क्रमशः `6/14`, `5/14` और `3/14` के अनुपात में लाभ व हानि का विभाजन करते हैं।
|
दायित्व |
राशि |
परिसंपन्तियाँ | राशि (रु.) |
|
|
लेनदार |
9,000 | भूमि और भवन | 24,000 | |
|
देय विपत्र |
3,000 | फ़र्नीचर | 3,500 | |
|
पूँजी खात: |
स्टॉक |
14,000 | ||
|
अरूण |
19,000 | 43,000 |
देनदार |
12,600 |
|
बबलू |
16,000 |
रोकड़ |
900 | |
|
चेतन |
8,000 |
|
||
|
|
55,000 |
|
55,000 |
वे दीपक को लाभ में 1/8 भाग के लिए निम्न शर्तों पर साझेदारी फर्म में प्रवेश देते हैं:
- दीपक 4,200 रुपये ख्याति और 7,000 रुपये पूँजी के रूप में लाएगा।
- फ़र्नीचर में 12% की दर से कमी आएगी।
- स्टॉक में 10% की दर से कमी आएगी।
- 5% की दर से संदिग्ध ऋणों पर प्रावधान बनाया जाएगा।
- भूमि और भवन में 31,000 रुपये की वृद्धि होगी।
- समस्त समायोजनों के पश्चात पुराने साझेदारों के पूँजी खातों को (जो पुराने अनुपात में लाभों का विभाजन करेंगें) दीपक द्वारा व्यवसाय में लगाई गई पूँजी के आधार पर समायोजित किया जाएगा, अर्थात पुराने साझेदारों द्वारा वास्तविक धनराशि लेकर आना अथवा आहरण, जैसी भी स्थिति हो।
रोकड़ खाता, लाभ व हानि समायोजन खाता (पुनर्मूल्यांकन खाता) और नई फर्म का प्रारंभिक तुलन पत्र तैयार करें।
आज़ाद और बबली साझेदार हैं तथा लाभ व हानि का बँटवारा 2: 1 के अनुपात में करते हैं। चिंतन लाभों में 1/4 भाग के लिए प्रवेश लेता है। चिंतन 30,000 रूपये पूँजी लाएगा और आज़ाद और बबली की पूँजी लाभ विभाजन अनुपात पर समायोजित होगी। चिंतन के प्रवेश से पूर्व 31 मार्च, 2017 को आज़ाद और बबली का तुलन पत्र इस प्रकार हैं।
|
31 मार्च, 2017 को आज़ाद और बबली का तुलन पत्र |
||||
|
दायित्व |
राशि (रु.) |
परिसंपत्तियाँ | राशि (रु.) |
|
| लेनदार | 8,000 | हस्तस्थ रोकड़ | 2,000 | |
| देय विपत्र | 4,000 |
बैंकस्थ रोकड़ |
10,000 | |
|
सामान्य संचय |
6,000 |
विविध देनदार |
8,000 | |
|
पूँजी खाते |
स्टॉक | 10,000 | ||
|
आजाद |
50,000 | 82,000 | फर्नीचर | 5,000 |
| बबली | 32,000 |
मशीनरी |
25,000 | |
| भवन | 40,000 | |||
| 1,00,000 | 1,00,000 | |||
यह सहमति हुई है कि:
- चिंतन 12,000 रुपये ख्याति में अपने भाग के लिए लाएगा।
-
भवन का मूल्य 45,000 रुपये और मशीनरी का मूल्य 23,000 रुपये है।
- देनदारों पर 6% की दर से संदिग्ध ऋणों पर प्रावधान बनाएँ।
- आज़ाद और बबली के पूँजी खाते को चालू खाते से समायोजित करें। आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें और नयी फर्म के तुलन पत्र सहित आवश्यक खाते तैयार करें।
आशीष और दत्ता फर्म में साझेदार हैं तथा 3 : 2 के अनुपात में लाभों का विभाजन करते हैं। 01 अप्रैल, 2017 को वे 1/5 भाग के लिए विमल को फर्म में प्रवेश देते हैं। 01 अप्रैल, 2017 को आशीष और दत्ता का तुलन पत्र इस प्रकार है:
| 01 अप्रैल, 2017 को आशीष और दत्ता का तुलन पत्र | ||||
| दायित्व | राशि (रु.) |
परिसंपत्तियाँ | राशि (रु.) |
|
| लेनदार | 15,000 | भूमि व भवन | 35,000 | |
| देय-विपत्र | 10,000 | संयंत्र | 45,000 | |
| आशीष की पूँजी | 80,000 | देनदार | 22,000 | 20,000 |
|
दत्ता की पूँजी |
35,000 |
घटाया: प्रावधान |
(2,000) | |
| स्टॉक | 35,000 | |||
| रोकड़ | 5,000 | |||
| 1,40,000 | 1,40,000 | |||
यह सहमति हुई कि :
- भूमि और भवन के मूल्य में 15,000 रुपये से वृद्धि हुई है।
- संचय के मूल्य में 10,000 रुपये से वृद्धि हुई है।
- फर्म की ख्याति की गणना 20,000 की गई हैं।
- विमल नयी फर्म की कुल पूँजी के 1/5 भाग के बराबर पूँजी लेकर आएगा। आवश्यक रोज़नामचा प्रविष्टियाँ दें और विमल के प्रवेश के पश्चात तुलन पत्र तैयार करें।
Solutions for 3: साझेदारी फर्म का पुनर्गठन : साझेदार का प्रवेश
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