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नीचे लिखी पंक्ति को पढ़कर उत्तर दो। "नया संसार बसाएँगे, नया इंसान बनाएँगे।" तुम्हारे विचार से नया संसार बसाने और नया इंसान बनाने की ज़रूरत है या नहीं? कारण भी बताओ। - Hindi (हिंदी)

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प्रश्न

नीचे लिखी पंक्ति को पढ़कर उत्तर दो।

"नया संसार बसाएँगे, नया इंसान बनाएँगे।"

तुम्हारे विचार से नया संसार बसाने और नया इंसान बनाने की ज़रूरत है या नहीं? कारण भी बताओ।

टीपा लिहा
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उत्तर

 हमारे विचार से नया संसार बसाने और नया इंसान बनाने की आवश्यकता नहीं है। संसार, इंसान से बनता है। अतः बदलाव की आवश्यकता है, तो वह केवल इंसान में है। यदि इंसान में सुधार हो जाता है, तो संसार अपने आप नया हो जाएगा। यदि हम नया संसार बनाते हैं या नया इंसान बनाते हैं, तो इसमें इस बात की गारण्टी नहीं है कि उसमें समस्याएँ, असमानाताएँ नहीं आएगीं। इसलिए इस बात को भुलाकर हमें स्वयं में बदलाव करने की आवश्यकता है।

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पद्य (Poetry) (Class 7)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 10: हम धरती के लाल - अभ्यास [पृष्ठ ५८]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Durva Part 2 Class 7
पाठ 10 हम धरती के लाल
अभ्यास | Q 1. क | पृष्ठ ५८

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बहुविकल्पी प्रश्नोत्तर

कठपुतली कविता के रचयिता हैं


कठपुतलियाँ किसका प्रतीक हैं?


नीचे कविता में से पंक्ति दी गई हैं। बताओ, इस पंक्ति का क्या अर्थ हो सकता है?

हमको तुमको प्रान मिलेगा।


बादल काका ज़ोर-ज़ोर से क्यों डाँट रहे हैं?


नीचे लिखी पंक्ति को पढ़कर उत्तर दो।

कवि 'हम धरती के लाल' ही क्यों कहना चाहते हैं?


हर तरह की सुख सुविधाएँ पाकर भी पक्षी पिंजरे में बंद क्यों नहीं रहना चाहते?


पहली कठपुतली ने स्वयं कहा कि-'ये धागे/क्यों हैं मेरे पीछे-आगे?/इन्हें तोड़ दो;/मुझे मेरे पाँवों पर छोड़ दो।'-तो फिर वह चिंतित क्यों हुई कि-'ये कैसी इच्छा/मेरे मन में जगी?' नीचे दिए वाक्यों की सहायता से अपने विचार व्यक्त कीजिए-

•उसे दूसरी कठपुतलियों की ज़िम्मेदारी महसूस होने लगी।

•उसे शीघ्र स्वतंत्र होने की चिंता होने लगी।

•वह स्वतंत्रता की इच्छा को साकार करने और स्वतंत्रता को हमेशा बनाए रखने के उपाय सोचने लगी।

•वह डर गई, क्योंकि उसकी उम्र कम थी।


कई बार जब दो शब्द आपस में जुड़ते हैं तो उनके मूल रूप में परिवर्तन हो जाता है। कठपुतली शब्द में भी इस प्रकार का सामान्य परिवर्तन हुआ है। जब काठ और पुतली दो शब्द एक साथ हुए कठपुतली शब्द बन गया और इससे बोलने में सरलता आ गई। इस प्रकार के कुछ शब्द बनाइए-

जैसे-काठ (कठ) से बना-कठगुलाब, कठफोड़ा

हाथ-हथ सोना-सोन मिट्टी-मट

मोर के बोलने पर कवि को लगा जैसे किसी ने कहा हो-'सुनते हो'। नीचे दिए गए पक्षियों की बोली सुनकर उन्हें भी एक या दो शब्दों में बाँधिए-

कबूतर कौआ मैना
तोता चील हंस

इस कविता को चित्रित करने के लिए किन-किन रंगों का प्रयोग करना होगा?


बहुविकल्पी प्रश्न

पहाड़ के चरणों में बहती नदी किस रूप में दिखाई देती है?


किसको किस रूप में चित्रित किया गया है?


कविता में चित्रित शाम और सूर्यास्त के दृश्य का वर्णन अपने शब्दों में कीजिए।


बहुविकल्पी प्रश्न

पेड़ अपना फल स्वयं क्यों नहीं खाते हैं।


घमंडी की आँख से तिनका निकालने के लिए उसके आसपास लोगों ने क्या किया?


तिनके से कवि की क्या हालत हो गई?


सावन वर्षा ऋतु का महीना है, वर्षा ऋतु से संबंधित दो अन्य महीनों के नाम लिखिए।


कविता में कवि की क्या विनती है?


नीचे कविता में से पंक्ति दी गई हैं। कविता की अगली पंक्ति स्वयं बनाओ। ध्यान रखो, कविता में से देखकर नहीं लिखना।

नमूना →  ज़ोर - ज़ोर से गरज रहे है।
  तड़ तड़ तड़ तड़ बरस रहे है।

बिजली के आँगन में अम्माँ


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