मराठी
महाराष्ट्र राज्य शिक्षण मंडळएस.एस.सी (इंग्रजी माध्यम) इयत्ता ६ वी

नीचे दिए गए राष्ट्रीय प्रतीक का चित्र देखो और उनका नाम लिखो: तिरंगा राष्ट्रीय ध्वज

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प्रश्न

नीचे दिए गए राष्ट्रीय प्रतीक का चित्र देखो और उनका नाम लिखो:

तक्ता
एका वाक्यात उत्तर
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उत्तर

तिरंगा राष्ट्रीय ध्वज

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उपयोजित / रचनात्मक लेखन (लेखन कौशल)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 2.1: वह देश कौन-सा है? - वह देश कौन-सा है? [पृष्ठ ५२]

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बालभारती Hindi Sulabhbharati Standard 6 Maharashtra State Board
पाठ 2.1 वह देश कौन-सा है?
वह देश कौन-सा है? | Q १२. (१) | पृष्ठ ५२

संबंधित प्रश्‍न


इस वर्ष का सूर्यग्रहण कब है? उस समय पशु-पक्षी के वर्तन-परिवर्तन का निरीक्षण करो और बताओ।


चित्र पहचानकर उनके नाम लिखो:

____________


।। ईमानदारी चरित्र निर्माण की नींव है ।।


दिए गए चित्रों के आधार पर उचित और आकर्षक विज्ञापन तैयार करो।


डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम की आत्मकथा का अंश पढ़कर चर्चा करो।


विलुप्त होते हुए प्राणियों तथा पक्षियों की जानकारी प्राप्त करके सूची बनाओ।


‘बाघ बचाओ परियोजना’ के बारे में जानकारी प्राप्त कर लिखो।


अपनी कक्षा द्‍वारा की गई किसी क्षेत्रभेंट का वर्णन लिखिए।


निम्नलिखित परिच्छेद पढ़कर इसपर आधारित ऐसे चार प्रश्न तैयार कीजिए. जिनके उत्तर एक-एक वाक्य में हों:

“कोई काम छोटा नहीं। कोई काम गंदा नहीं। कोई भी काम नीचा नहीं। कोई काम असंभव भी नहीं कि व्यक्ति ठान ले और ईश्वर उसकी मदद न करे। शर्त यही है कि वह काम, काम का हो। किसी भी काम के लिए ‘असंभव’, ‘गंदा’ या ‘नीचा’ शब्द मेरे शब्दकोश में नहीं है।” ऐसी वाणी बोलने वाली मदर टेरेसा को कोढ़ियों की सेवा करते देखकर एक बार एक अमेरिकी महिला ने कहा, “मैं यह कभी नहीं करती।” मदर टेरेसा के उपरोक्त संक्षिप्त उत्तर से वह महिला शर्म से सिकुड़ गई थी। सचमुच ऐसे कार्य का मूल्य क्या धन से आँका जा सकता है या पैसे देकर किसी की लगन खरीदी जा सकती है? यह काम तो वही कर सकता है, जो ईश्वरीय आदेश समझकर अपनी लगन इस ओर लगाए हो। जो गरीबों, वंचितों, जरूरतमंदों में ईश्वरीय उपासना का मार्ग देखता हो और दुखी मानवता में उसके दर्शन करता हो। ईसा, गांधी, टेरेसा जैसे परदुखकातर, निर्मल हृदयवाले लोग ही कोढ़ियों और मरणासन्न बीमारों की सेवा कर सकते हैं और ‘निर्मल हृदय’ जैसी संस्थाओं की स्थापना करते हैं।

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