मराठी

नीचे दिए गए शब्दों में अंतर बताओ, उनमें क्या फ़र्क है? स्नेह – प्रेम ग्रह – गृह शांति – सन्नाटा निधन – निर्धन धूल – राखे समान – सामान

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

नीचे दिए गए शब्दों में अंतर बताओ, उनमें क्या फ़र्क है?

  • स्नेह – प्रेम
  • ग्रह – गृह
  • शांति – सन्नाटा
  • निधन – निर्धन
  • धूल – राखे
  • समान – सामान
टीपा लिहा
Advertisements

उत्तर

  • स्नेह (छोटे के लिए प्रेम)- माँ अपने बच्चे से स्नेह करती है।
  • प्रेम (छोटे, बड़े सभी के लिए)- राम और लक्ष्मण का प्रेम एक मिसाल है।
  • शांति (हलचल न होना)- नेहा, घर में आज इतनी शांति क्यों है?
  • सन्नाटा (वातावरण में चुप्पी होना)- रात के वक्त गाँवों में सन्नाटा छा जाता है।
  • धूल (मिट्टी)- चारों तरफ़ धूल से प्रदूषण फैल रहा है।
  • राख (लकड़ी या कोयले के जलने के बाद बचा पदार्थ)- राख कोयले से बनती है।
  • ग्रह (नक्षत्र)- वैज्ञानिकों ने सौर मंडल में आठ ग्रह बताए हैं।
  • गृह (घर)- ओजस्व को गृह कार्य नहीं मिला।
  • निधन (मृत्यु)- सेठ जी के निधन से गाँव में शोक की लहर दौड़ गई।
  • निर्धन (गरीब)- हमारे देश में निर्धन व्यक्ति काफ़ी हैं।
  • समान (बराबर)- हमारे देश में सभी लोगों को समान अधिकार मिला हुआ है।
  • सामान (वस्तु)- घर में सामान बिखरा पड़ा है।
shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 6)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 13: मैं सबसे छोटी होऊँ - भाषा की बात [पृष्ठ ९६]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Vasant Part 1 Class 6
पाठ 13 मैं सबसे छोटी होऊँ
भाषा की बात | Q 1 | पृष्ठ ९६

संबंधित प्रश्‍न

तुम भी ऐसी कल्पना कर सकते हो कि ‘वह फूल का पौधा जो-पीली पंखुड़ियों वाला-महक रहा है-मैं हूँ।’ उसकी विशेषताएँ मुझ में हैं…। फूल के बदले वह कोई दूसरी चीज़ भी हो सकती है जिसकी विशेषताओं की गिनाते हुए तुम उसी चीज़ से अपनी समानता बता सकते हो … ऐसी कल्पना के आधार पर कुछ पंक्तियाँ लिखो।


बहुविकल्पी प्रश्नोत्तर
चिड़िया के पंख के रंग कैसे हैं?


कविता के आधार पर चिड़िया के स्वभाव का वर्णन कीजिए।


चिड़िया के गायन की विशेषताएँ लिखिए।


नयी कविता में तुक या छंद के बदले बिंब का प्रयोग अधिक होता है। बिंब वह तसवीर होती है जो शब्दों को पढ़ते समय हमारे मन में उभरती है। कई बार कुछ कवि शब्दों की ध्वनि की मदद से ऐसी तसवीर बनाते हैं और कुछ कवि अक्षरों या शब्दों को इस तरह छापने पर बल देते हैं कि उनसे कई चित्र हमारे मन में बनें। इस कविता के अंतिम हिस्से में चाँद को एकदम गोल बताने के लिए कवि ने बि ल कु ल शब्द के अक्षरों को अलग-अलग करके लिखा है। तुम इस कविता के और किन शब्दों को चित्र की आकृति देना चाहोगे? ऐसे शब्दों को अपने ढंग से लिखकर दिखाओ।


  • गोल-मटोल
  • गोरा-चिट्ठा

कविता में आए शब्दों के इन जोड़ों में अंतर यह है कि चिट्ठा का अर्थ सफ़ेद है और गोरा से मिलता-जुलता है जबकि मटोल अपने-आप में कोई शब्द नहीं है। यह शब्द 'मोटा' से बना है।

ऐसे चार-चार शब्द युग्म सोचकर लिखो और उनका वाक्यों में प्रयोग करो।


बहुवैकल्पिक प्रश्न

“चाँद से थोड़ी-सी गप्पें’ कविता के कवि कौन हैं?


बहुविकल्पीय प्रश्न
कवयित्री ने झाँसी की रानी की कथा किसके मुँह से सुनी थी?


बालिका क्या नहीं छोड़ना चाहती?


कविता में बच्ची छोटी क्यों बनी रहना चाहती है?


बड़े होने पर हम कैसे माँ से अलग हो जाते हैं?


बहुविकल्पी प्रश्न

रघुबीर की वधू कौन थी?


बहुविकल्पी प्रश्न

राम और सीता के साथ कौन बन गया?


पर्नकुटी किस चीज़ से बनती है?


अपने छुटपन में बच्चे अपनी माँ के बहुत करीब होते हैं। इस कविता में नज़दीकी की कौन-कौन सी स्थितियाँ बताई। गई हैं?


माँ अपना एक दिन कैसे गुज़ारती है? कुछ मौकों पर उसकी दिनचर्या बदल जाया करती है, जैसे-मेहमानों के आ जाने पर, घर में किसी के बीमार पड़ जाने पर या त्योहार के दिन। इन अवसरों पर माँ की दिनचर्या पर क्या फ़र्क पड़ता है? सोचो और लिखो।


गर्मी के दिनों में कच्ची सड़क की तपती धूल में नंगे पाँव चलने पर पाँव जलते हैं। ऐसी स्थिति में पेड़ की छाया में खड़ा होने और पाँव धो लेने पर बड़ी राहत मिलती है। ठीक वैसे ही जैसे प्यास लगने पर पानी मिल जाय और भूख लगने पर भोजन। तुम्हें भी किसी वस्तु की आवश्यकता हुई होगी और वह कुछ समय बाद पूरी हो गई होगी। तुम सोचकर लिखो कि आवश्यकता पूरी होने के पहले तक तुम्हारे मन की दशा कैसी थी?


लखि – देखकर
धरि – रखकर
पोंछि – पोंछकर
जानि – जानकर
ऊपर लिखे शब्दों और उनके अर्थों को ध्यान से देखो। हिन्दी में जिस उद्देश्य | के लिए हम क्रिया में ‘कर’ जोड़ते हैं, उसी के लिए अवधी में क्रिया में ि (इ) को जोड़ा जाता है, जैसे-अवधी में बैठ + ि = बैठि और हिंदी में बैठ + कर = बैठकर। तुम्हारी भाषा या बोली में क्या होता है? अपनी भाषा के लिए छह शब्द लिखो। उन्हें ध्यान से देखो और कक्षा में सुनाओ।


मिट्टी का गहरा अंधकार, डूबा है उसमें एक बीज ।” उसमें एक बीज डूबा है।
जब हम किसी बात को कविता में कहते हैं तो वाक्य के शब्दों के क्रम में बदलाव | आता है, जैसे-“छाँह घरीक है ठाढ़े” को गद्य में ऐसे लिखा जा सकता है। “छाया में एक घड़ी खड़ा होकर” । उदाहरण के आधार पर नीचे दी गई कविता की पंक्तियों को गद्य के शब्दक्रम में लिखो।

–पुर ते निकसी रघुबीर-बधू,
–पुट सूखि गए मधुराधर वै।
–बैठि बिलंब लौं कंटक काढ़े।
–पर्नकुटी करिहौं कित है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×