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'माता का अँचल' पाठ में बच्चों की दिनचर्या आजकल के बच्चों की दिनचर्या से भिन्न है, कैसे? उदाहरण सहित स्पष्ट कीजिए।

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प्रश्न

'माता का अँचल' पाठ में बच्चों की दिनचर्या आजकल के बच्चों की दिनचर्या से भिन्न है, कैसे? उदाहरण सहित स्पष्ट कीजिए।

थोडक्यात उत्तर
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उत्तर

'माता का अँचल' पाठ में उस समय के लोग अधिकतर संयुक्त परिवार में रहते थे और ग्रामीण जीवन के अधिक निकट थे। भोलानाथ के पिता उस समय भोलानाथ के साथ पूजा में बैठकर रामायण का पाठ करते थे। भोलानाथ अपने साथियों के साथ खेल में फसल उगाता था और बारात का भी खेल खेलता था। लेकिन वक्त के साथ कई परिवर्तन आए हैं। नए खेलों के उपकरण आ गए हैं और बच्चों के पालन-पोषण में भी बदलाव आया है। आज के बच्चे मोबाइल पर अधिक निर्भर हो गए हैं।

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माता का आँचल
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
2022-2023 (March) Delhi 1

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