मराठी

किसी मीनार के आधार से s और t की दूरियों पर स्थित दो बिंदुओं से मीनार की चोटी के उन्नयन कोण परस्पर पूरक हैं। सिद्ध कीजिए कि मीनार की ऊँचाई st है।

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प्रश्न

किसी मीनार के आधार से s और t की दूरियों पर स्थित दो बिंदुओं से मीनार की चोटी के उन्नयन कोण परस्पर पूरक हैं। सिद्ध कीजिए कि मीनार की ऊँचाई `sqrt(st)` है।

बेरीज
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उत्तर

माना मीनार की ऊँचाई h है।

और ∠ABC = θ

दिया गया है कि, BC = s, PC = t

और दोनों स्थितियों पर उन्नयन कोण पूरक हैं।

अर्थात्, ∠APC = 90° – θ   ...[यदि दो कोण एक दूसरे के पूरक हैं, तो दोनों कोणों का योग 90° के बराबर होता है।]

अब ΔABC में,

tan θ = `"AC"/"BC" = "h"/"s"`  ...(i)

और ΔAPC में, 

tan(90° – θ) = `"AC"/"PC"`  ...[∵ tan(90° – θ) = cot θ]

⇒ cot θ = `"h"/"t"`

⇒ `1/tanθ = "h"/"t"`   `[because cot θ = 1/(tan θ)]`  ...(ii)

समीकरणों (i) और (ii) को गुणा करने पर, हमें प्राप्त होता है।

`tan θ * 1/tanθ = "h"/"s" * "h"/"t"`

⇒ `"h"^2/("st")` = 1

⇒ h2 = st

⇒ h = `sqrt("st")`

तो, मीनार की अभीष्ट ऊँचाई `sqrt("st")` है।

अत: सिद्ध हुआ।

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ऊँचाइयाँ और दूरियाँ
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पाठ 8: त्रिकोणमिति का परिचय और उसके अनुप्रयोग - प्रश्नावली 8.4 [पृष्ठ १०१]

APPEARS IN

एनसीईआरटी एक्झांप्लर Ganit Exemplar [Hindi] Class 10
पाठ 8 त्रिकोणमिति का परिचय और उसके अनुप्रयोग
प्रश्नावली 8.4 | Q 6. | पृष्ठ १०१

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