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कविता का हर बंध ‘वह चिड़िया जो-‘ से शुरू होता है और मुझे बहुत प्यार है’ पर खत्म होता है। तुम भी इन। पंक्तियों का प्रयोग करते हुए अपनी कल्पना से कविता में कुछ नए बंध जोड़ो।

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प्रश्न

कविता का हर बंध ‘वह चिड़िया जो-‘ से शुरू होता है और मुझे बहुत प्यार है’ पर खत्म होता है। तुम भी इन। पंक्तियों का प्रयोग करते हुए अपनी कल्पना से कविता में कुछ नए बंध जोड़ो।

टीपा लिहा
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उत्तर

इस प्रश्न का उत्तर स्वलिखित हो।

shaalaa.com
पद्य (Poetry) (Class 6)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 1: वह चिड़िया जो - अनुमान और कल्पना [पृष्ठ ३]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Vasant Part 1 Class 6
पाठ 1 वह चिड़िया जो
अनुमान और कल्पना | Q 3 | पृष्ठ ३

संबंधित प्रश्‍न

इस कविता के आधार पर बताओ कि चिड़िया को किन-किन चीज़ों से प्यार है?


आशय स्पष्ट करो
रस उँडेलकर गा लेती है।


बहुविकल्पी प्रश्नोत्तर
चिड़िया को पसंद है-


चिड़िया के पंख किस रंग के हैं?


कुछ लोग बड़ी जल्दी चिढ़ जाते हैं। यदि चाँद का स्वभाव भी आसानी से चिढ़ जाने का हो तो वह किन बातों से सबसे ज्यादा चिढ़ेगा? चिढ़कर वह उन बातों का क्या जवाब देगा? अपनी कल्पना से चाँद की ओर से दिए गए जवाब लिखो।


यह ‘मरज़’ आपको अच्छा ही नहीं होने में आता है, का आशय स्पष्ट कीजिए।


कविता में किस दौर की बात है? कविता से उस समय के माहौल के बारे में क्या पता चलता है?


बहुविकल्पीय प्रश्न
रानी लक्ष्मीबाई किसकी मुँहबोली बहन थी?


महल में खुशी का कारण क्या था?


माँ के आँचल की छाया दुनिया की सबसे सुरक्षित स्थान है। कैसे?


राम और सीता कहाँ जाने के लिए निकले थे?


वन गमन के समय सीता ने राम से क्या पूछा?


राम ने रुककर क्या किया?


सीता जी बेचैन होकर श्रीराम से क्या बातें कही?


तुम्हारी माँ तुम लोगों के लिए क्या-क्या काम करती है?


कक्षा में बच्चों को उनकी मरज़ी से दो समूहों में रखें-
(क) एक समूह में वे जो छोटे बने रहना चाहते हैं।
(ख) दूसरे समूह में वे जो बड़े होना चाहते हैं।
इन दोनों समूह के सभी बच्चे एक-एक कर बताएँगे कि वे क्यों छोटा बने रहना चाहते हैं या क्यों बड़ा होना चाहते हैं।


दोनों सवैयों के प्रसंगों में अंतर स्पष्ट करो।


पाठ के आधार पर वन के मार्ग का वर्णन अपने शब्दों में करो।


गर्मी के दिनों में कच्ची सड़क की तपती धूल में नंगे पाँव चलने पर पाँव जलते हैं। ऐसी स्थिति में पेड़ की छाया में खड़ा होने और पाँव धो लेने पर बड़ी राहत मिलती है। ठीक वैसे ही जैसे प्यास लगने पर पानी मिल जाय और भूख लगने पर भोजन। तुम्हें भी किसी वस्तु की आवश्यकता हुई होगी और वह कुछ समय बाद पूरी हो गई होगी। तुम सोचकर लिखो कि आवश्यकता पूरी होने के पहले तक तुम्हारे मन की दशा कैसी थी?


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