Advertisements
Advertisements
प्रश्न
'जनरल! झाँसी की रानी को ज़िंदा पकड़ना तुम्हारे बूते की बात नहीं है।' यह किसने, किससे और क्यों कहा?
Advertisements
उत्तर
'जनरल! झाँसी की रानी को ज़िंदा पकड़ना तुम्हारे बूते की बात नहीं है।' यह पंक्ति झलकारीबाई ने अंग्रेज़ों के जनरल रोज़ को कहा था। उसने यह इसलिए कहा ताकि जनरल रोज़ को समझा सके कि रानी की झाँसी को पकड़ना कोई बच्चों का खेल नहीं है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
मीठे स्वर को सुनकर लोग अस्थिर क्यों हो जाते थे?
मुरलीवाला देखने में कैसा था? लोगों ने उसके बारे में क्या अंदाजा लगाया?
धनराज का बचपन कैसा था?
वाक्य जोड़ो।
| नमूना → | सहेलियाँ नाचती हैं। वे गाती भी हैं। |
| सहेलियाँ नाचती-गाती हैं। |
मेरी माँ पढ़ना जानती है। वह लिखना भी जानती हैं।
यदि तुम युधिष्ठिर की जगह होते, तो यक्ष के प्रश्नों के क्या उत्तर देते?
नीचे लिखे वाक्यों को पढ़ो। सोचकर लिखो कि जिन शब्दों के नीचे रेखा खींची गई है, उनके अर्थ क्या हो सकते हैं?
(क) गंगा के चले जाने से शांतनु का मन विरक्त हो गया।
(ख) द्रोणाचार्य ने द्रुपद से कहा-"जब तुम राजा बन गए, तो ऐश्वर्य के मद में आकर तुम मुझे भूल गए।"
(ग) दुर्योधन ने धृतराष्ट्र से कहा-"पिता जी, पुरवासी तरह-तरह की बातें करते हैं।"
(घ) स्वयंवर मंडप में एक वृहदाकार धनुष रखा हुआ है।
(ङ) चौसर का खेल कोई हमने तो ईजाद किया नहीं।
तुमने अपने आस-पास अमीर और गरीब, दोनों तरह के लोग देखे होंगे। तुम्हारे विचार से गरीबी के क्या कारण हो सकते हैं?
अमीरी और गरीबी के अंतर को कैसे दूर किया जा सकता है? कुछ उपाय सुझाओ।
तुमने अब तक पाठ्यपुस्तकों के अतिरिक्त कौन-कौन सी पुस्तकें पढ़ी हैं? उनमें से कुछ के नाम लिखो।
पढ़ो और समझो
बालक - बालिका
घर पर होनेवाले उत्सवों/समारोहों में बच्चे क्या-क्या करते हैं? अपने और अपने मित्रों के अनुभवों के आधार पर लिखिए।
रक्त में हीमोग्लोबिन के लिए किस खनिज की आवश्यकता पड़ती है
इस कहानी का कोई और शीर्षक देना हो तो आप क्या देना चाहेंगे और क्यों?
बच्चे दूसरे के पेड़ों पर क्यों नहीं चढ़ते थे?
कंचे जब जार से निकलकर अप्पू के मन की कल्पना में समा जाते हैं, तब क्या होता है?
गुल्ली-डंडा और क्रिकेट में कुछ समानता है और कुछ अंतर। बताइए कौन-सी समानताएँ और क्या-क्या अंतर हैं?
पिछली शताब्दी में खानपान की बदलती हुई तसवीर का खाका खींचें तो इस प्रकार होगा-
सन् साठ का देशक – छोले-भटूरे
सन् सत्तर का दशक – इडली, डोसा
सन् अस्सी का दशक – तिब्बती (चीनी) भोजन
सन् नब्बे का दशक – पीजा, पाव-भाजी
इसी प्रकार आप कुछ कपड़ों या पोशाकों की बदलती तसवीर का खाका खींचिए।
‘फ़ास्ट फूड’ यानी तुरंत भोजन के नफे-नुकसान पर कक्षा में वाद-विवाद करें।
मथुरा-आगरा के कौन-से व्यंजन प्रसिद्ध रहे हैं?
वीर कुंवर सिंह का जन्म कब और कहाँ हुआ था?
