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प्रश्न
यह कविता आज़ादी मिलने से पहले के समय में लिखी गई थी। उस समय हमारे देश पर अंग्रेज़ों का राज था। किन पंक्तियों से पता चलता है कि लड़का/लड़की के काका स्वतंत्रता सेनानी थे?
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उत्तर
पुलिसमैन अपने काका को
फिर न पकड़ने आएँगे
देखेंगे तलवार दूर से ही
वे सब डर जाएँगे।
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बहुविकल्पी प्रश्न
कवि अपनी कविता के माध्यम से आह्वान कर रहा है
कठपुतली को धागे में क्यों बाँधा जाता है?
इस कविता के माध्यम से कवि क्या कहना चाहता है?
कवि के कंठ से निकले गीत का क्या प्रभाव पड़ेगा?
चुरुंगुन अभी-अभी अपने घोंसले से निकला है। फिर भी वह पूरी दुनिया के बारे में जानना चाहता है। तुम किन चीज़ों के बारे में जानना चाहते हो?
नीचे कुछ चीज़ों के नाम लिखें हैं। चुरुंगुन ने पहले किसे देखा? क्रम से लगाओ।
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फूल, पात, फुनगी, दाल, फल, कलियाँ, धरती, साथी, तरु, दाना, गगन
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जंगल, पेड़-पौधों और प्रकृति से संबंधित कुछ कविताओं के बारे में जानकारी प्राप्त करो। "जंगल" शीर्षक से दी गई कविता को पढ़ो और अपने दोस्तों को सुनाओ।
सही शब्द चुनकर वाक्य पूरा करो
बादल है _________ काका।
नीचे लिखी पंक्ति को पढ़कर उत्तर दो।
"नया संसार बसाएँगे, नया इंसान बनाएँगे।"
तुम्हारे विचार से नया संसार बसाने और नया इंसान बनाने की ज़रूरत है या नहीं? कारण भी बताओ।
नीचे कविता में से पंक्ति दी गई हैं। कविता की अगली पंक्ति स्वयं बनाओ। ध्यान रखो, कविता में से देखकर नहीं लिखना।
| नमूना → | ज़ोर - ज़ोर से गरज रहे है। |
| तड़ तड़ तड़ तड़ बरस रहे है। |
किसने फोड़ घड़े बादल के
बताओ तुम ये काम कैसे करोगे? शिक्षक से भी सहायता लो।
समय को रहा दिखाना
मोर के बोलने पर कवि को लगा जैसे किसी ने कहा हो-'सुनते हो'। नीचे दिए गए पक्षियों की बोली सुनकर उन्हें भी एक या दो शब्दों में बाँधिए-
| कबूतर | कौआ | मैना |
| तोता | चील | हंस |
शाम के बदले यदि आपको एक कविता सुबह के बारे में लिखनी हो तो किन-किन चीजों की मदद लेकर अपनी कल्पना को व्यक्त करेंगे? नीचे दी गई कविता की पंक्तियों के आधार पर सोचिए
पेड़ों के झुनझुने
बजने लगे;
लुढ़कती आ रही है।
सूरज की लाल गेंद।
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बहुविकल्पी प्रश्न
‘शाम-एक किसान’ कविता के रचयिता कौन हैं?
बहुविकल्पी प्रश्न
सज्जन संपत्ति क्यों जमा करते हैं?
‘जल को मछलियों से कोई प्रेम नहीं होता’ इसका क्या प्रमाण है?
आँख में तिनका पड़ने के बाद घमंडी की क्या दशा हुई?
इस कविता को कवि ने ‘मैं’ से आरंभ किया है- ‘मैं घमंडों में भरा ऐंठा हुआ’। कवि का यह ‘मैं’ कविता पढ़ने वाले व्यक्ति से भी जुड़ सकता है और तब अनुभव यह होगा कि कविता पढ़ने वाला व्यक्ति अपनी बात बता रहा है। यदि कविता में ‘मैं’ की जगह ‘वह’ या कोई नाम लिख दिया जाए, तब कविता के वाक्यों में बदलाव की जाएगा। कविता में ‘मैं’ के स्थान पर ‘वह’ या कोई नाम लिखकर वाक्यों के बदलाव को देखिए और कक्षा में पढ़कर सुनाइए।
