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प्रश्न
स्टेशन यार्ड में खड़ी कोई रेलगाड़ी शांत वायु में 400 Hz आवृत्ति की सीटी बजा रही है। तभी 10 ms-1 चाल से यार्ड से स्टेशन की ओर वायु बहने लगती है। स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर खड़े किसी प्रेक्षक के लिए ध्वनि की आवृत्ति, तरंगदैर्घ्य तथा चाल क्या हैं? क्या यह स्थिति तथ्यतः उस स्थिति के समरूप है जिसमें वायु शांत हो तथा प्रेक्षक 10 ms-1 चाल से यार्ड की ओर दौड़ रहा हो? शांत वायु में ध्वनि की चाल 340 ms-1 ले सकते हैं।
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उत्तर
सीटी की आवृत्ति ν = 400 Hz, शान्त वायु में ध्वनि की चाल υ = 340 ms-1
वायु की (प्रेक्षक की ओर) चाल W = 10 m s-1
∵ रेलगाड़ी (स्रोत) तथा प्रेक्षक दोनों स्थिर हैं; अतः υs = 0, υ0 = 0
∴ प्रेक्षक द्वारा सुनी गयी ध्वनि की आवृत्ति `"v"' = "v"((v + "W" - v_"o")/(v + "W" - v_"s"))`
`= 400 ((340 + 10 - 0)/(340 + 10 - 0))`
= 400 Hz
∵ वायु प्रेक्षक की ओर चल रही है।
∴ प्रेक्षक के लिए वायु की चाल = ν + W
= 340 + 10
= 350 ms-1
जबकि प्रेक्षक के लिए सीटी की आवृत्ति नियत (400 Hz) है।
जबकि ध्वनि की तरंगदैर्घ्य `lambda "'" = (ν + "W")/ν`
`= (350 "ms"^-1)/(400 "Hz")`
= 0.875 m
नहीं, यदि प्रेक्षक यार्ड की ओर दौड़ेगा, तो प्रभावी तरंगदैर्घ्य घट जाएगी तथा आवृत्ति बढ़ जाएगी जबकि ध्वनि की चाल अपरिवर्तित रहेगी।
