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बालक श्रीकृष्ण किस लोभ के कारण दूध पीने के लिए तैयार हुए?

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प्रश्न

श्रीकृष्ण अपनी चोटी के विषय में क्या-क्या सोच रहे थे?

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उत्तर

श्रीकृष्ण अपनी चोटी के बारे में सोचते थे कि बार-बार लगातार दूध पीने पर भी यह छोटी ही रह गई हैदूध पीते रहने से यह मोटी और लंबी हो जाएगीबार-बार बालों में कंघी करने गूथने आदि से यह बड़ी हो जाएगी

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पद्य (Poetry) (Class 8)
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अध्याय 15: सूरदास के पद - पदों से [पृष्ठ ९६]

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एनसीईआरटी Hindi - Vasant Part 3 Class 8
अध्याय 15 सूरदास के पद
पदों से | Q 2 | पृष्ठ ९६

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“मेले से लाया हूँ इसको

छोटी-सी प्यारी गुड़िया”

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दिए गए शब्दों के अंतिम वर्ण से नए शब्द का निर्माण करो -

मेला लाल लगन नया याद
पिया        
खोल        
शिशुमन        

तुम्हारे विचार से यह किस मौसम की कविता हो सकती है?


"जी होता, इन ओस कणों को 
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'घर शब्द का प्रयोग हम कई तरह से कर सकते हैं। जैसे -

(क) वह घर गया।

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(ग) यह तो घर-घर की बात है।

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'बस' शब्द का प्रयोग कई तरह से किया जा सकता है। तुम ‘बस’ शब्द का प्रयोग करते हुए अपने मन से कुछ वाक्य बनाओ।

(संकेत - बस, बस-बस, बस इतना सा)


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कवि अपनी कल्पना से शब्दों के हेर-फेर द्वारा कुछ चीज़ों के बारे में ऐसी बातें कह देता है, जिसे पढ़कर बहुत अच्छा लगता है। तुम भी अपनी कल्पना से किसी चीज़ के बारे में जैसी भी बात बताना चाहो, बता सकते हो। हाँ, ध्यान रहे कि उन बातों से किसी को कोई नुकसान न हो। शब्दों के फेर-बदल में तुम पूरी तरह से स्वतंत्र हो।


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"हरी घास पर ये मोती की लड़ियाँ किसने बिखेर दी हैं?"

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