हिंदी

साबुत मसूर को दलने से मैं दाल बनी हूँ, लेकिन मुझे तुम अंकुरित नहीं कर सकते! सोचो क्यों? - Environmental Studies (पर्यावरण अध्ययन)

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

साबुत मसूर को दलने से मैं दाल बनी हूँ, लेकिन मुझे तुम अंकुरित नहीं कर सकते! सोचो क्यों?

एक पंक्ति में उत्तर
Advertisements

उत्तर

साबूत मसूर की दाल बनने में मसूर को कई प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है। इसके कारण उसकी अंकुरित होने की क्षमता खत्म हो जाती है।

shaalaa.com
बीज, बीज, बीज
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 5: बजी, बजी, बजी - बताओ और लिखो [पृष्ठ ४४]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Environmental Studies - Looking Around [Hindi] Class 5
अध्याय 5 बजी, बजी, बजी
बताओ और लिखो | Q 3 | पृष्ठ ४४

संबंधित प्रश्न

बीज बोने और छोटा पौधा दिखने में कितने दिन लगे?


एक गमला या चौड़े मुँह वाला डिब्बा लो। इसके नीचे छोटा-सा छेद करके, मिट्टी भरो। किसी एक किस्म के चार-पाँच बीज मिट्टी में दबा दो। कक्षा में सभी बच्चे अलग-अलग किस्म के बीज बोएँ। जैसे - सरसों, मेथीदाना, तिल, धनिया।


कौन-सा बीज उगा ही नहीं? क्यों नहीं उगा होगा?


पौधों को पानी न मिले तो क्या होगा?


बीज के अंदर क्या होता है?


छोटे से बीज से इतना बड़ा पौधा कैसे बनता है?


समूह बनाओ और लिखो:

जो बीज मसालों के रूप में इस्तेमाल होते हैं।


समूह बनाओ और लिखो:

जो हल्के हैं (फूँक मारकर पता कर सकते हो)।


पौधे अपनी सारी ज़िंदगी एक ही जगह खड़े रहते हैं। ये चलते नहीं हैं लेकिन इनके बीज बड़े ही घुमक्कड़ होते हैं। पौधों के बीज बहुत दूर-दूर तक पहुँच जाते हैं। चित्र 1 में देखो, ये बीज हवा की मदद से कैसे उड़ पाते हैं?

चित्र 1

चित्र 2

अनुमान लगाओ कि तुम्हारे बीजों के समूह में से कितने बीज हवा से बिखरते होंगे।


पौधे स्वयं भी अपने बीजों को दूर छिटक देते हैं। जैसे - सोयाबीन की फलियाँ पककर सूख जाती हैं तो चिटककर बिखरने लगती हैं। उनकी आवाज़ सुनी है?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×