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परखनली ‘A’ एवं ‘B’ में समान लंबाई की मैग्नीशियम की पट्टी लीजिए। परखनली ‘A’ में हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (HCl) तथा परखनली ‘B’ में ऐसिटिक अम्ल (CH3COOH) डालिए। दोनों अम्लों की मात्रा तथा सांद्रता समान हैं।

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प्रश्न

परखनली ‘A’ एवं ‘B’ में समान लंबाई की मैग्नीशियम की पट्टी लीजिए। परखनली ‘A’ में हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (HCl) तथा परखनली ‘B’ में ऐसिटिक अम्ल (CH3COOH) डालिए। दोनों अम्लों की मात्रा तथा सांद्रता समान हैं। किस परखनली में अधिक तेज़ी से बुदबुदाहट होगी तथा क्यों?

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उत्तर १

परखनली ‘A’ में अधिक बुदबुदाहट होगी क्योंकि हाइड्रोक्लोरिक अम्ल एसेटिक अम्ल से अधिक प्रबल अम्ल है। यह इसलिए होता है क्योंकि HCl CH3COOH से ज्यादा मजबूत अम्ल है और इसलिए वह हाइड्रोजन गैस को तेज गति से उत्पन्न करता है, जिसके कारण बुदबुदाहट होती है।

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उत्तर २

HCl एक मजबूत अम्ल है, जबकि एसिटिक अम्ल एक कमजोर अम्ल है। बुदबुदाहट इसलिए होता है क्योंकि हाइड्रोजन गैस मैग्नीशियम रिबन पर अम्ल के साथ प्रतिक्रिया करके विकसित होती है। चूँकि HCl एक बहुत मजबूत अम्ल है, इसलिए परखनली A से काफी मात्रा में हाइड्रोजन गैस मुक्त होती है। इसलिए, परखनली A में अधिक बुदबुदाहट होती है।

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अम्ल एवं क्षारक के रासायनिक गुणधर्म समझना
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 2: अम्ल, क्षारक एवं लवण - अभ्यास [पृष्ठ ३८]

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एनसीईआरटी Vigyaan [Hindi] Class 10
अध्याय 2 अम्ल, क्षारक एवं लवण
अभ्यास | Q 10. | पृष्ठ ३८

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क्या होता है जब एक परखनली में एक अम्ल का विलयन, एक क्षार के विलयन के साथ मिलाया जाता है?

  1. विलयन का ताप बढ़ता है
  2. विलयन का ताप घटता है
  3. विलयन का ताप समान रहता है
  4. लवण का निर्माण होता है

दाँत के इनेमल में कैल्सियम फॉस्फेट होता है। इसकी प्रकृति है ______ 


निम्नलिखित में से कौन से अम्लीय सामर्थ्य का बढ़ता हुआ सही क्रम देता है ______ 


एक अम्ल तथा एक क्षारक के जलीय विलयन के लिए कौन-से कथन सत्य हैं?

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  2. pH जितनी उच्च होगी, अम्ल उतना ही दुर्बल होगा
  3. pH जितनी कम होगी, अम्ल उतना ही प्रबल होगा
  4. pH जितनी कम होगी, अम्ल उतना ही दुर्बल होगा

निम्नलिखित में से कौन-सा अम्लीय प्रकृति का है?


विद्युत्-अपघट्य के विद्युत चालकता के प्रदर्शन के प्रयास के लिए निम्नलिखित उपकरण लगाया गया।

निम्नलिखित में से कौन-सा (कौन-से) कथन सत्य है (हैं)?

  1. बल्ब नहीं चमकेगा क्योंकि विद्युत अपघट्य अम्ल नहीं है।
  2. बल्ब चमकेगा क्योंकि NaOH एक प्रबल क्षार है तथा चालन के लिए आयन उपलब्ध कराएगा।
  3. बल्ब नहीं चमकेगा क्योंकि परिपथ अपूर्ण है।
  4. बल्ब नहीं चमकेगा क्योंकि यह विद्युत-अपघट्य के विलयन के प्रकार पर निर्भर करता है।

निम्नलिखित में से कौन-सा एक खनिज अम्ल नहीं है?


निम्नलिखित में से कौन-सा एक क्षारक नहीं है?


जब HCl (g) को जल से गुजारते हैं तो निम्नलिखित में से कौन-सा (कौन-से) कथन सत्य है/हैं?

  1. यह विलयन में आयनित नहीं होता है क्योंकि यह एक सह-संयोजक यौगिक है।
  2. यह विलयन में आयनित होता है।
  3. यह विलयन में हाइड्रोजन तथा हाइड्रॉक्सिल दोनों आयन देता है।
  4. यह जल के अणु से संयोग के कारण विलयन में हाइड्रोनियम आयन बनता है। 

निम्नलिखित तालिका में छूटे हुए आँकड़ों को भरिए।   

  लवण का नाम सूत्र लवण जिससे प्राप्त होता है।
      क्षारक अम्ल
(i) अमोनियम क्लोराइड NH4Cl NH4OH ______
(ii) कॉपर सल्फेट ______ ______ H2SO4
(iii) सोडियम क्लोराइड NaCl NaOH ______
(iv) मैग्नीशियम नाइट्रेट Mg(NO3)2 ______ HNO3
(v) पोटैशियम सल्फेट K2SO4 ______ ______
(vi)

कैल्सियम नाइट्रेट Ca(NO3)2 Ca(OH)2 ______

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