हिंदी

निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प सही है? (i) साबुनों के मिसेल का बनना सभी तापों पर संभव है। (ii) साबुनों के मिसेल किसी विशेष सांद्रता के बाद बनते हैं।

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

निम्नलिखित में से कौन-सा विकल्प सही है?

  1. साबुनों के मिसेल का बनना सभी तापों पर संभव है।
  2. साबुनों के मिसेल किसी विशेष सांद्रता के बाद बनते हैं।
  3. साबुन के विलयन का तनुकरण करने से मिसेल वापस अलग-अलग आयनों में टूट जाते हैं।
  4. साबुन का विलयन सभी सांद्रताओं पर सामान्य प्रबल वैद्युत् अपघट्य के समान व्यवहार करता है।
संक्षेप में उत्तर
Advertisements

उत्तर

(ii) साबुनों के मिसेल किसी विशेष सांद्रता के बाद बनते हैं।

(iii) साबुन के विलयन का तनुकरण करने से मिसेल वापस अलग-अलग आयनों में टूट जाते हैं।

स्पष्टीकरण -

मिसेल का निर्माण केवल एक विशेष तापमान के ऊपर होता है जो कि क्राफ्ट तापमान (Tk) है और एक विशेष सांद्रता यानी क्रांतिक मिसेल सांद्रता (CMC) से ऊपर है। तनुकरण पर, ये कोलॉइडी अलग-अलग आयनों में वापस लौट जाते हैं।

shaalaa.com
कोलॉइडी
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 5: पृष्ठ रसायन - अभ्यास [पृष्ठ ७०]

APPEARS IN

एनसीईआरटी एक्झांप्लर Rasayan Vigyaan [Hindi] Class 12
अध्याय 5 पृष्ठ रसायन
अभ्यास | Q II. 26. | पृष्ठ ७०

संबंधित प्रश्न

कोलॉइडी विलयनों को परिक्षिप्त प्रावस्था एवं परिक्षेपण माध्यम की भौतिक अवस्थाओं के आधार पर कैसे वर्गीकृत किया जाता है?


द्रवरागी एवं द्रवविरागी सॉल क्या होते हैं? प्रत्येक का एक-एक उदाहरण दीजिए। द्रवविरोधी सॉल आसानी से स्कन्दित क्यों हो जाते हैं?


निम्नलिखित परिस्थितियों में क्या प्रेक्षण होंगे?

जलयोजित फेरिक ऑक्साइड सॉल में NaCl विद्युत-अपघट्य मिलाया जाता है।


निम्न पदों (शब्दों) को समझाइए –

टिन्डल प्रभाव


निम्न पद को उचित उदाहरण सहित समझाइए।

हाइड्रोसॉल


कोलॉइडी विलयन के अणुसंख्य गुणों के मान उसी सांद्रता के वास्तविक विलयन के मानों की तुलना में कम होते हैं, क्योंकि कोलॉइडी कण ______।


नदियों और समुद्र के मिलने के स्थान पर डेल्टा बनाने के लिए निम्नलिखित में से कौन-सा प्रक्रम उत्तरदायी है?


जब एक कोलॉइडी विलयन पर विद्युत्‌ क्षेत्र लगाया जाता हैं और वैद्युत कण-संचलन रुक जाता हैँ तो क्या परिघटना होती है?

(i) प्रतिलोम परासरण होने लगता है।

(ii) वैद्युत् परासरण होने लगता है।

(iii) परिक्षेपण माध्यम गति करना प्रारम्भ कर देता है।

(iv) परिक्षेपण माध्यम स्थिर हो जाता है।


हार्डी-शुल्से नियम के आधार पर समझाइए कि फ़ॉस्फेेट की स्कंदन शक्ति क्लोराइड की अपेक्षा उच्च क्यों होती है?


कॉलम I में दिए गए मदों को कॉलम II में दिए गए परिक्षेपण के प्रकारों से सुमेलित कीजिए।

कॉलम I कॉलम II
(i) मक्खन (a) द्रव का द्रव में परिक्षेपण
(ii) प्यूमिस पत्थर (b) ठोस का द्रव में परिक्षेपण
(iii) दूध (c) गैस का ठोस में परिक्षेपण
(iv) पेन्ट (d) द्रव का ठोस में परिक्षेपण

Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×