Advertisements
Advertisements
प्रश्न
निम्न वाद्ययंत्र में उस भाग को पहचानिए जो ध्वनि उत्पन्न करने के लिए कंपित होता है -
ढोलक
Advertisements
उत्तर
ढोलक एक संगीत वाद्य है। इसमें एक फैली हुई झिल्ली होती है जिसे इसका सिर कहते हैं। जब सिर को धीरे से पीटा जाता है, तो फैली हुई झिल्ली कंपन करने लगती है। चूँकि किसी वस्तु के कंपन से ध्वनि उत्पन्न होती है, इसलिए ढोलक ध्वनि उत्पन्न करता है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
निम्न में से किस वाक् ध्वनि की आवृत्ति न्यूनतम होने की सम्भावना है:
कंपन की आवृत्ति जितनी कम होगी तारत्त्व उतना ही अधिक होगा।
आवृत्ति का मात्रक ______ है।
एक दोलक 4 सेकंड में 40 बार दोलन करता है। इसका आवर्तकाल तथा आवृत्ति ज्ञात कीजिए।
एक मच्छर अपने पंखों को 500 कम्पन प्रति सेकंड की औसत दर से कंपित करके ध्वनि उत्पन्न करता है। कंपन का आवर्तकाल कितना है?
तरंग का कौन-सा गुण तारत्व को निर्धारित करता है?
किसी ध्वनि तरंग की तरंगदैर्घ्य, आवृत्ति, आवर्त काल तथा आयाम से क्या अभिप्राय है?
किसी ध्वनि तरंग की तरंगदैर्घ्य तथा आवृत्ति उसके वेग से किस प्रकार संबंधित है?
ध्वनि का कौन-सा अभिलक्षण किसी अन्य अंधेरे कमरे में बैठे आपके मित्र की आवाज पहचानने में आपकी सहायता करता है?
किसी व्यक्ति का औसत श्रव्य परिसर 20 Hz से 20 kHz है। इन दो आवृत्तियों के लिए ध्वनि तरंगों की तरंगदैर्घ्य ज्ञात कीजिए। वायु में ध्वनि का वेग 344 m s−1 लीजिए।
