Advertisements
Advertisements
प्रश्न
नामतालिकां पूरयत
| ए.व. | द्विव. | ब.व. | विभक्तिः |
| ______ | त्वचोः | ______ | षष्ठी |
Advertisements
उत्तर
| ए.व. | द्विव. | ब.व. | विभक्तिः |
| त्वच : | त्वचोः | त्वचाम् | षष्ठी |
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
सङ्ख्याः अक्षरैः/अङ्कंः लिखत
४९ - ______
समानार्थकशब्दान् / विरुद्धार्थकशब्दान् लिखत ।
शीघ्रम् = ______
सूचनानुसारं कृतीः कुरुत ।
राक्षसेभ्यः जनकस्य सुतां हृत्वा परी ययौ।
(वाक्यं लङ्लकारे परिवर्तयत।)
सङ्ख्याः अक्षै :/अङ्कंः लिखत ।
पञ्चाशीतिः - ______
मञ्जूषातः समानार्थकशब्दान् विरुद्धार्थकशब्दान् चित्वा लिखत।
पुरतः × ______
सुचननुसारं कृतीः कुरुत।
भूमिः स्त्रीरूपं धृत्वा तस्य पुरतः प्रकटिता अभवत्। (पूर्वकालवाचक-त्वान्त-अव्ययं निष्कासयत।)
उत्तरपदं लिखत ।
जम्बृकोऽयम् = जम्बूकः + ______
पूर्वपदं लिखत ।
वातेनोदरम् = ______ + उदरम् ।
समासविग्रहं कुरुत-
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| चिन्ताकुल : | ______ | ______ |
प्रश्ननिर्माणं कुरुत।
भगवत: वदनं धाम्ना राजते स्म ।
सूचनानुसार कृती: कुरुत।
वयं महाभागस्य नामधेयं जानीमः। (वाच्यपरिवर्तनं कुरुत।)
नामतालिकां पूरयत ।
| ए.व. | द्विव. | ब.व. | विभक्तिः |
| ग्राव्णे | ______ | ______ | चतुर्थी |
क्रियापदतालिकां पूरयत
| ए.व. | द्विव. | ब.व | पुरुष: | लकार : |
| ______ | जीवत: | ______ | प्रथमः | लट् |
समासविग्रहं कुरुत ।
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| बालसूर्यबिम्बम् | ______ | _____ |
समासविग्रहं कुरुत
| समस्तपदम् | विग्रहवाक्यम् | समासनाम |
| जपाकुसुमम् | ______ | _____ |
सूचनानुसारं कृती: कुरुत ।
प्रेक्षकाः मां निघृणं ताडितवन्तः । (वाच्यपरिवर्तनं कुरुत ।)
नाम-तालिकापूर्ति कुरुत
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| ______ | ______ | धन्विभ्यः | पञ्चमी |
धातु-तालिकां पूरयत।
| लकारा: | एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| लड् | ..... | ..... | अभवन् | प्रथमः |
धातु-तालिकां पूरयत
| लकारा : | एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| लृट् | गमिष्यसि | ______ | ______ | मध्यमः |
सर्वनाम तालिकां पूरयत।
| एकवचनम् | द्विवचनम् | बहुवचनम् | विभक्तिः |
| अस्य | ______ | ______ | षष्ठी |
समासविग्रहं कुरुत
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| वनस्पतिगतः | ______ | ______ |
सूचनानुसारं कृती: कुरुत ।
त्वं दीनं वचः मा ब्रूहि ।
(‘त्वं’ स्थाने भवान् योजयत ।)
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत ।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ / शानच् |
| आ + रुह्- रोह् (१ प.प.) | ______ | आरूढवान् | ______ | आरोहन् |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत ।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ / शानच् |
| लिख् (२ प. प.) | लिखितः | ______ | लेखितव्यः | ______ |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत ।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ / शानच् |
| पा-पिब् (१ प.प.) | ______ | ______ | पेयः | पिबन् |
धातुसाधित-विशेषण-तालिकां पूरयत ।
| धातुः | क्त | क्तवतु | कृत्याः | शतृ / शानच् |
| वद् (१ प.प.) | ______ | उदितवान् | वदनीयः | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| दारपोषणरताः | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| रामाभिषेकः | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| समीपस्थः | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| अभ्युदयकृत् | ______ | ______ |
समासविग्रहं कुरुत
| समस्तपदम् | विग्रहः | समासनाम |
| अम्भोदाः | ______ | ______ |
सर्वनामतालिकां पूरयत ।
| एव् | द्विव | बव | विभक्तिः |
| ______ | ______ | युष्मान् / वः | द्वितीया |
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत
५६- ______
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत -
४४ - ______
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत।
१२
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत -
४२ - ______
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत -
९२ - ______
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत
७८ - ______
सङ्ख्याः अक्षरैः लिखत -
८८ - ______
