हिंदी
महाराष्ट्र स्टेट बोर्डएसएससी (हिंदी माध्यम) ९ वीं कक्षा

महाराणा प्रताप के घोड़े चेतक संबंधी कहानी पढ़िए और उसके साहस की विशेषता बताइए। - Hindi [हिंदी]

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

महाराणा प्रताप के घोड़े चेतक संबंधी कहानी पढ़िए और उसके साहस की विशेषता बताइए।

संक्षेप में उत्तर
Advertisements

उत्तर

महाराणा प्रताप के सबसे प्रिय और प्रसिद्ध घोड़े का नाम चेतक था। चेतक महाराणा प्रताप का वफादार घोड़ा था। चेतक एक नीलवर्ण का ईरानी नस्ल का घोडा था। इसे महाराणा प्रताप ने गुजरात के व्यापारी से खरीदा था। चेतक की ऊंचाई अन्य घोड़ों की तुलना में काफी अधिक थी। उसकी लंबी गर्दन, चमकदार आंखें और गजब की फुर्ती अन्य घोड़ों से अलग थी। उसकी स्वामिभक्ति और बलिदान को देखते हुए उसे दुनिया का सर्वश्रेष्ठ घोड़ा माना गया। महाराणा प्रताप की जो भी वीर गाथाएँ प्रचलित हुईं उनमें चेतक का अपना ही स्थान है। फुर्ती के कारण ही चेतक ने कई युद्धों को बड़ी सहजता के साथ जीता था। हल्दीघाटी के युद्ध की बात करें तो चेतक ने उसमें अनोखे कौशल का प्रदर्शन किया। अकबर और महाराणा प्रताप के बीच लड़ी गई हल्दीघाटी के लड़ाई में चेतक ने 26 फिट नाले को फांदकर महाराणा प्रातप की जान बचाई और खुद शहीद हो गया। हर युद्ध में चेतक ने बहुत ही बहादुरी और वफादारी से महाराणा प्रताप का साथ दिया। उस समय चेतक की अपने मालिक के प्रति वफादारी किसी दूसरे राजपूत शासक से भी ज्यादा बढ़कर थी। आज भी चेतक का मंदिर वहाँ बना हुआ है और चेतक की पराक्रम कथा वर्णित है।

shaalaa.com
मातृभूमि का मान
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 1.07: मातृभूमि का मान - स्वाध्याय [पृष्ठ २९]

APPEARS IN

बालभारती Hindi Kumarbharati [Hindi] Standard 9 Maharashtra State Board
अध्याय 1.07 मातृभूमि का मान
स्वाध्याय | Q ४ | पृष्ठ २९

संबंधित प्रश्न

किसी ऐतिहासिक घटना पर संवाद लिखिए तथा कक्षा में प्रस्‍तुत कीजिए।


‘मातृभूमि प्रेम’ इस एकांकी की मूल संवेदना है। अपने अनुभव के आधार पर ऐसे किसी प्रसंग से जुड़ी रोचक घटना को लिखिए।


सेना में भर्ती होने के लिए आवश्यक जानकारी अंतरजाल से प्राप्त कीजिए।


प्रत्येक राजपूत को ______


इस दुर्ग में कोई तो हमारा ______


नकली बूँदी को लेकर वीरसिंह के साथियों के विचार।


अपनी मातृभूमि को लेकर वीरसिंह के विचार।


‘आज इस विजय में मेरी सबसे बड़ी पराजय हुई है’ महाराणा के इस कथन पर अपने विचार लिखिए।


‘साहस को अधीन करने की अभिलाषा करना पागलपन है’, कथन की सार्थकता स्पष्ट कीजिए।


'मातृभूमि का मान' इस पाठ का केंद्रीय भाव लिखिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×