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लेखिका ने अपनी नानी को कभी देखा भी नहीं फिर भी उनके व्यक्तित्व से वे क्यों प्रभावित थीं? - Hindi Course - A

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प्रश्न

लेखिका ने अपनी नानी को कभी देखा भी नहीं फिर भी उनके व्यक्तित्व से वे क्यों प्रभावित थीं?

विस्तार में उत्तर
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उत्तर

लेखिका ने अपनी नानी को कभी देखा नहीं था, परंतु फिर भी वे उनके व्यक्तित्व से इसलिए प्रभावित थीं क्योंकि नानी के बारे में उन्होंने अपनी माँ और अन्य रिश्तेदारों से अनेक बातें सुनी थीं। नानी एक पढ़ी-लिखी, आधुनिक, साहसी, स्वतंत्र विचारों वाली, आत्मनिर्भर और प्रगतिशील स्त्री थीं।

लेखिका को यह जानकर आश्चर्य और गर्व होता था कि जिस समय स्त्रियाँ परदा-प्रथा, रूढ़ियों और सीमाओं में बंधी रहती थीं, उस समय नानी ने डिग्री लेकर पढ़ाई की, स्वतंत्र रूप से निर्णय लिए, पति की इच्छाओं पर निर्भर नहीं रहीं, और अपनी जीवन-शैली अपनी पसंद के अनुसार बनाई।

नानी के ऐसे उन्नत, स्वतंत्र और दृढ़ चरित्र ने लेखिका को गहराई से प्रभावित किया। उन्हें लगा कि नानी जैसी स्त्री उस समय के समाज में एक अलग स्थान रखती थीं और यही बात लेखिका को प्रेरित करती थी।

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गद्य (Prose) (Class 9 A)
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अध्याय 2: मेरे संग की औरतें - प्रश्न अभ्यास [पृष्ठ २६]

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एनसीईआरटी Hindi - Kritika Part 1 Class 9
अध्याय 2 मेरे संग की औरतें
प्रश्न अभ्यास | Q 1 | पृष्ठ २६

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इस वाक्य में 'बदल रहा है' क्रिया है। यह क्रिया कैसे हो रही है -धीरे-धीरे। अत: यहॉँ धीरे-धीरे क्रिया-विशेषण है। जो शब्द क्रिया की विशेषता बताते हैं, क्रिया-विशेषण कहलाते हैं। जहाँ वाक्य में हमें पता चलता है क्रिया कैसे, कब, कितनी और कहाँ हो रही है, वहाँ वह शब्द क्रिया-विशेषण कहलाता है।

(क) ऊपर दिए गए उदाहरण को ध्यान में रखते हुए क्रिया-विशेषण से युक्त लगभग पाँच वाक्य पाठ में से छाँटकर लिखिए।

(ख) धीरे-धीरेज़ोर सेलगातार, हमेशा, आजकल, कम, ज़्यादा, यहाँ, उधर, बाहर - इन क्रिया-विशेषण शब्दों का प्रयोग करते हुए वाक्य बनाइए।

(ग) नीचे दिए गए वाक्यों में से क्रिया-विशेषण और विशेषण शब्द छाँटकर अलग लिखिए -

वाक्य क्रिया-विशेषण विशेषण

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