Advertisements
Advertisements
प्रश्न
कीट पीड़कों (पेस्ट/इंसेक्ट) के प्रबंध के लिए जैव-नियंत्रण विधि के पीछे क्या पारिस्थितिक सिद्धांत है?
Advertisements
उत्तर
जैविक नियंत्रण मुख्यतः परभक्षी-शिकार संबंधों पर निर्भर करता है। बैकुलोवायरस (मुख्य रूप से न्यूक्लियोपॉलीहेड्रोवायरस जीनस) कीटों और आर्थ्रोपोड्स की एक विस्तृत श्रृंखला को नियंत्रित करने में प्रभावी हैं। भृंग (जैसे कोक्सीनेला या लेडीबर्ड भृंग) एफिड्स और अन्य कीटों को नियंत्रित करते हैं। मच्छरों के लार्वा प्रसार को नियंत्रित करने के लिए तालाबों में गैम्बुसिया नामक मछली डाली जाती है। कृषि कीट नियंत्रण में उपयोग की जाने वाली जैविक नियंत्रण रणनीतियाँ शिकारी की अपने शिकार को नियंत्रित करने की क्षमता पर निर्भर करती हैं।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
उन गुणों को बताइए जो व्यष्टियों में तो नहीं पर समष्टियों में होते हैं।
अगर चरघातांकी रूप से (एक्पोनेन्शियली) बढ़ रही समष्टि 3 वर्ष में दोगुने साइज की हो जाती है तो समष्टि की वृद्धि की इंट्रीन्जिक दर (r) क्या है?
पादपों में शाकाहारिता (हर्बिवोरी) के विरुद्ध रक्षा करने की महत्त्वपूर्ण विधियाँ बताइए।
ऑर्किड पौधा, आम के पेड़ की शाखा पर उग रहा है। ऑर्किड और आम के पेड़ के बीच पारस्परिक क्रिया का वर्णन आप कैसे करेंगे?
समष्टि (पॉपुलेशन) की परिभाषा दीजिए।
निम्नलिखित का उदाहरण दीजिए –
आन्तरोष्मी (एंडोथर्मिक) प्राणी
निम्नलिखित का उदाहरण दीजिए –
नितलस्थ (बैन्थिक) जोन का जीव।
समुदाय (कम्युनिटी) की परिभाषा दीजिए।
सहोपकारिता (म्युचुऑलिज्म) का एक उदाहरण दीजिए।
अंतरजातीय स्पर्धा (इंटरस्पेसिफिक कंपीटीशन) का एक उदाहरण दीजिए।
