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कवि को ऐसा विश्वास क्यों है कि उसका अंत अभी नहीं होगा? - Hindi (हिंदी)

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प्रश्न

कवि को ऐसा विश्वास क्यों है कि उसका अंत अभी नहीं होगा?

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उत्तर

उसको विश्वास है कि अभी वो कमज़ोर नहीं है। अपितु उसके अंदर जीवन को जीने के लिए उत्साह, प्रेरणा व ऊर्जा कूट-कूट कर भरी है। एक मनुष्य तभी स्वयं का अंत मान लेता है जब वह अपने अंदर की ऊर्जा को क्षीण व उत्साह को कम कर देता है। प्रेरणा जीवन को ईंधन देने का कार्य करती है, जब ये ही न रहे तो मनुष्य का जीवन कैसा? परन्तु ये तीनों प्रचुर मात्रा में उसके पास हैं। तो कैसे वह स्वयं का अंत मान ले। इसलिए उसका विश्वास है कि वो अभी अंत की ओर जाने वाला नहीं है।

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पद्य (Poetry) (Class 8)
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अध्याय 1: ध्वनि - कविता से [पृष्ठ २]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Vasant Part 3 Class 8
अध्याय 1 ध्वनि
कविता से | Q 1 | पृष्ठ २

संबंधित प्रश्न

भारत में अनेक अवसरों पर मेले लगते हैं। कुछ मेले तो पूरी दुनिया में प्रसिद्ध हैं।

(क) तुम अपने प्रदेश के किसी मेले के बारे में बताओ। पता करो कि वह मेला क्यों लगता है? वहाँ कौन-कौन से लोग आते हैं और वे क्या करते हैं? इस काम में तुम पुस्तकालय या बड़ों की सहायता ले सकते हो।

(ख) तुम पुस्तक-मेला, फ़िल्म-मेला और व्यापार-मेला आदि के बारे में जानकारी प्राप्त करो और बताओ कि अगर तुम्हें इनमें से किसी मेले में जाने का अवसर मिले तो तुम किस मेले में जाना चाहोगे और क्यों?


तुम कविता में सभी को कुछ न कुछ करते हुए पाते हो। उसमें से तुम्हें किसका काम सबसे ज़्यादा पसंद है और क्यों?


कविता में बहुत से कामों का ज़िक्र किया गया है; जैसे –बीनना, बिखेरना, सजाना, उतारना, समेटना आदि। इन्हें क्रियाएँ कहते हैं। नीचे कुछ शब्द दिए गए हैं। इन्हें उचित क्रिया के साथ लिखो–

पानी, टोकरी, बस्ता, चावल, हथेली, रंग, जूते

______

बीनना

______

उतारना

______

बिखेरना

______

समेटना

______

सजाना


कविता में रतन किसे कहा गया है और वे कहाँ-कहाँ बिखरे हुए हैं?


नीचे लिखी चीज़ों जैसी कुछ और चीज़ों के नाम सोचकर लिखो–

(क)

जुगनू जैसे चमकीले _____________

(ख)

तारों जैसे झिलमिल ____________
(ग) हीरों जैसे दमकते ______________

(घ)

फूलों जैसे सुंदर

_______________

"जी होता, इन ओस कणों को 
अंजलि में भर घर ले आऊँ"

'घर शब्द का प्रयोग हम कई तरह से कर सकते हैं। जैसे -

(क) वह घर गया।

(ख) यह बात मेरे मन में घर कर गई।

(ग) यह तो घर-घर की बात है।

(घ) आओ, घर-घर खेलें।

'बस' शब्द का प्रयोग कई तरह से किया जा सकता है। तुम ‘बस’ शब्द का प्रयोग करते हुए अपने मन से कुछ वाक्य बनाओ।

(संकेत - बस, बस-बस, बस इतना सा)


"छिपे खेत में, आँखमिचौनी सी करते आए हैं"

तुम जानते हो कि आँखमिचौनी एक खेल है जिसमें एक खिलाड़ी आँखें बंद कर लेता है और बाकी खिलाड़ी छिप जाते हैं।

तुम भी अपने आस-पास खेले जाने वाले ऐसे ही कुछ खेलों के नाम लिखो। यह भी बताओ कि इन खेलों को कैसे खेलते हैं?


वर्षा से जुड़े या वर्षा के बारे में कुछ और मुहावरे खोजो। उनका प्रयोग करते हुए एक-एक वाक्य बनाओ।


तुमने वर्षा ऋतु से संबंधित कुछ गीत/गानों को अवश्य सुना होगा। अगर नहीं तो इससे संबंधित कुछ गीत/गानों की सूची बनाओ और अपनी आवश्यकता और सुलभता के अनुसार उन्हें सुनो। उनमें से किसी गीत-गाने को तुम सुविधानुसार किसी अवसर पर गा भी सकते हो।


कवि पुष्पों की तंद्रा और आलस्य दूर हटाने के लिए क्या करना चाहता है?


कविता में ऐसी कौन-सी बात है जो आपको सबसे अच्छी लगी?


किन पंक्तियों का भाव है-
(क) पक्षी और बादल प्रेम, सद्भाव और एकता का संदेश एक देश से दूसरे देश को भेजते हैं।
(ख) प्रकृति देश-देश में भेदभाव नहीं करती। एक देश से उठा बादल दूसरे देश में बरस जाता है।


आज विश्व में कहीं भी संवाद भेजने और पाने का एक बड़ा साधन इंटरनेट है। पक्षी और बादल की चिट्ठियों की तुलना इंटरनेट से करते हुए दस पंक्तियाँ लिखिए।


डाकिया इंटरनेट के वर्ल्ड वाइड वेब (डब्ल्यू.डब्ल्यू.डब्ल्यू: www) तथा पक्षी और बादल-इस तीनों संदेश वाहकों के विषय में अपनी कल्पना से एक लेख तैयार कीजिए। ‘चिट्ठियों की अनूठी दुनिया’ पाठ का सहयोग ले सकते


कविता में कई बार 'अभी भी' का प्रयोग करके बातें रखी गई हैं, अभी भी का प्रयोग करते हुए तीन वाक्य बनाइए और देखिए उनमें लगातार, निरंतर, बिना रुके चलनेवाले किसी कार्य का भाव निकल रहा है या नहीं?


निर्धनता के बाद मिलनेवाली संपन्नता का चित्रण कविता की अंतिम पंक्तियों में वर्णित है। उसे अपने शब्दों में लिखिए।


कुछ शब्द परस्पर मिलते-जुलते अर्थवाले होते हैं, उन्हें पर्यायवाची कहते हैं। और कुछ विपरीत अर्थवाले भी । समानार्थी शब्द पर्यायवाची कहे जाते हैं और विपरीतार्थक शब्द विलोम; जैसे –

पर्यायवाची चंद्रमा-शशि, इंदु, राका मधुकर-भ्रमर, भौंरा, मधुप सूर्य-रवि, भानु, दिनकर
विपरीतार्थक

दिन-रात
श्वेत-श्याम
शीत-उष्ण

पाठों से दोनों प्रकार के शब्दों को खोजकर लिखिए।


चमक - चमकना - चमकाना - चमकवाना

‘चमक’ शब्द के कुछ रूप ऊपर लिखे हैं। इसी प्रकार नीचे लिखे शब्दों का रूप बदलकर सही जगह पर भरो -

ज़रा सा रगड़ते ही हीरे ______ शुरू कर दिया।


नीचे लिखी पंक्ति पढ़ो। आपस में चर्चा करके इसके नीचे दिए गए प्रश्न के उत्तर दो -

"तेरे हरे-भरे सावन के साथी ये आए हैं"

क्या बादल हरे-भरे सावन के साथी हैं अथवा किसान के? या दोनों के।


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