Advertisements
Advertisements
प्रश्न
जल के स्वतः प्रोटोनीकरण से आप क्या समझते हैं? इसका क्या महत्त्व है?
Advertisements
उत्तर
जल का स्वतः प्रोटोनीकरण वास्तव में इसका स्वत: आयनन है जो निम्न प्रकार से संपन्न होता है-
\[\ce{\underset{\text{Acid-1 (acid)}}{H2O(l)} + \underset{\text{Base-2 (base)}}{H2O(l)} -> \underset{\text{Acid-2 (conjugate acid)}}{H3O+(aq)} + \underset{\text{Base-1 (conjugate base)}}{OH-(aq)}}\]
जल का स्वत: प्रोटोनीकरण जल को उभयधर्मी (amphoteric) बनाता है। इसलिए, जल अम्ल और क्षार दोनों की तरह क्रिया करता है।
जल अपने से प्रबल अम्ल के साथ अभिक्रिया करने पर क्षार की तरह व्यवहार करता है और अपने से प्रबल क्षार से अभिक्रिया करने पर अम्ल की तरह व्यवहार करता है। जैसे-
\[\ce{\underset{\text{Acid}}{H2O(l)} + \underset{\text{Base}}{NH3(aq)} <=> NH^+_4(aq) + OH-(aq)}\]
\[\ce{\underset{\text{Base}}{H2O(l)} + \underset{\text{Acid}}{H2S(aq)} <=> H3O+(aq) + HS-(aq)}\]
संबंधित प्रश्न
F2 के साथ जल की अभिक्रिया में ऑक्सीकरण तथा अपचयन के पदों पर विचार कीजिए एवं बताइए कि कौन-सी स्पीशीज़ ऑक्सीकृत/अपचयित होती है?
बर्फ के साधारण रूप की संरचना का उल्लेख कीजिए।
जल की अस्थायी एवं स्थायी कठोरता के क्या कारण हैं? वर्णन कीजिए।
संश्लेषित आयन विनिमयक विधि द्वारा कठोर जल के मृदुकरण के सिद्धांत एवं विधि की विवेचना कीजिए।
विखनिजित जल से क्या अभिक्रिया है?
जल का कौन-सा गुण इसे विलायक के रूप में उपयोगी बनाता है? यह किस प्रकार के यौगिक-
(i) घोल सकता है और
(ii) जल-अपघटन कर सकता है?
‘जल-अपघटन’ (Hydrolysis) तथा ‘जलयोजन’ (Hydration) पदों में क्या अंतर है?
जब ऐलुमिनियम (III) क्लोराइड एवं पोटैशियम क्लोराइड को अलग-अलग (i) सामान्य जल, (ii) अम्लीय जल एवं (iii) क्षारीय जल से अभिकृत कराया जाएगा, तो आप किन-किन विभिन्न उत्पादों की आशा करेंगे? जहाँ आवश्यक हो, वहाँ रासायनिक समीकरण दीजिए।
H2O2 विरंजन कारक के रूप में कैसे व्यवहार करता है? लिखिए।
निम्नलिखित पद से आप क्या समझते हैं?
भाप अंगार गैस सृति अभिक्रिया
