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प्रश्न
HCl अणु में दो परमाणुओं के नाभिकों के बीच पृथकन लगभग 1.27 A (1Å = 10-10 m) है। इस अणु के द्रव्यमान केंद्र की लगभग अवस्थिति ज्ञात कीजिए। यह ज्ञात है कि क्लोरीन का परमाणु हाइड्रोजन के परमाणु की तुलना में 35.5 गुना भारी होता है तथा किसी परमाणु का समस्त द्रव्यमान उसके नाभिक पर केंद्रित होता है।
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उत्तर
माना हाइड्रोजन परमाणु का द्रव्यमान m1 = m
तब, क्लोरीन परमाणु का द्रव्यमान m2 = 35.5 m
माना HCl अणु का द्रव्यमान केंद्र H व Cl परमाणुओं को मिलाने वाली रेखा पर H परमाणु से xcm दूरी पर Cl परमाणु की ओर है।
यहाँ H परमाणु की स्वयं से दूरी x1 = 0
Cl परमाणु की H परमाणु से दूरी x2 = 1.27 Å
∴ `"x"_"cm" = ("m"_1 "x"_1 + "m"_2 "x"_2) /("m"_1 + "m"_2)`
= `("m" xx 0 + 35.5 "m" xx 1.27 Å)/("m" + 35.5 "m")`
= `(35.5 xx 1.27 Å)/36.5`
= 1.24 Å
अतः द्रव्यमान केंद्र H परमाणु से Cl परमाणु की ओर दूरी xcm = 1.24 Å है।
