हिंदी

एक द्रव को सीलबंद पात्र में निश्चित ताप पर इसके वाष्प के साथ साम्य में रखा जाता है। पात्र का आयतन अचानक बढ़ा दिया जाता है। वाष्प-दाब परिवर्तन का प्रारंभिक परिणाम क्या होगा?

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

एक द्रव को सीलबंद पात्र में निश्चित ताप पर इसके वाष्प के साथ साम्य में रखा जाता है। पात्र का आयतन अचानक बढ़ा दिया जाता है।

वाष्प-दाब परिवर्तन का प्रारंभिक परिणाम क्या होगा?

संक्षेप में उत्तर
Advertisements

उत्तर

प्रारंभ में वाष्प दाब घटेगा क्योंकि वाष्प का समान द्रव्यमान बढ़े आयतन में वितरित होता है।

shaalaa.com
साम्यावस्था
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 6: साम्यावस्था - अभ्यास [पृष्ठ २२८]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Rasayan bhag 1 aur 2 [Hindi] Class 11
अध्याय 6 साम्यावस्था
अभ्यास | Q 7.1 (क) | पृष्ठ २२८

संबंधित प्रश्न

निम्न साम्य के लिए Kc क्या होगा, यदि साम्य पर प्रत्येक पदार्थ की सांद्रताएँ हैं-

[SO2] = 0.60 M, [O2] = 0.82 M, एवं [SO3] = 1.90 M

\[\ce{2SO2(g) + O2(g) <=> 2SO3(g)}\]


एक निश्चित ताप एवं कुल दाब 105 Pa पर आयोडीन वाष्प में आयतनानुसार 40% आयोडीन परमाणु होते हैं।

\[\ce{I2(g) ⇌ 2I(g)}\]

साम्य के लिए Kp की गणना कीजिए।


एक द्रव को सीलबंद पात्र में निश्चित ताप पर इसके वाष्प के साथ साम्य में रखा जाता है। पात्र का आयतन अचानक बढ़ा दिया जाता है।

प्रारंभ में वाष्पन एवं संघनन की दर कैसे बदलती है?


एक द्रव को सीलबंद पात्र में निश्चित ताप पर इसके वाष्प के साथ साम्य में रखा जाता है। पात्र का आयतन अचानक बढ़ा दिया जाता है।

क्या होगा, जबकि साम्य पुनः अंतिम रूप से स्थापित हो जाएगा, तब अंतिम वाष्प दाब क्या होगा?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×