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भोलानाथ और उसके साथी खेल-खेल में फ़सल कैसे उगाया करते थे?

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प्रश्न

भोलानाथ और उसके साथी खेल-खेल में फ़सल कैसे उगाया करते थे?

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उत्तर

खेलते-खेलते भोलानाथ और उसके साथी खेती करने और फ़सल उगाने की योजना बनाते चबूतरे के छोर पर घिरनी गाड़कर बाल्टी को कुआँ बना लेते पूँज की पतली रस्सी से चुक्कड़ बाँधकर कुएँ में लटका दिया जाता। दो लड़के बैलों की भाँति मोट खींचने लगते। चबूतरा, खेत, कंकड़, बीज बनता और वे खेती करते। फ़सल तैयार होने में देर न लगती। वे जल्दी से फ़सल काटकर पैरों से रौंदकर ओसाई कर लेते।

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माता का आँचल
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