Advertisements
Advertisements
प्रश्न
भगत के व्यक्तित्व और उनकी वेशभूषा का अपने शब्दों में चित्र प्रस्तुत कीजिए।
Advertisements
उत्तर
बालगोबिन भगत गृहस्थ होते हुए भी साधु-संन्यासियों के समान गुणों वाले थे। वे किसी को कष्ट नहीं देते, बिना अनुमति के किसी वस्तु को नहीं छूते और कबीर के आदर्शों का पालन करते हैं। वे अंधेरा रहते गंगा स्नान कर भजन गाते थे।
उनकी वेशभूषा साधुओं जैसी थी। सफेद बाल-दाढ़ी, गले में तुलसी की माला, सिर पर टोपी, तन पर साधारण कपड़े और सर्दियों में केवल एक काला कंबल ओढ़ते थे। मधुर स्वर में भजन गाना उनकी विशेषता थी।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
खेतीबारी से जुड़े गृहस्थ बालगोबिन भगत अपनी किन चारित्रिक विशेषताओं के कारण साधु कहलाते थे?
धान की रोपाई के समय समूचे माहौल को भगत की स्वर लहरियाँ किस तरह चमत्कृत कर देती थीं? उस माहौल का शब्द-चित्र प्रस्तुत कीजिए।
पाठ के आधार पर बताएँ कि बालगोबिन भगत की कबीर पर श्रद्धा किन-किन रूपों में प्रकट हुई है?
“ऊपर की तसवीर से यह नहीं माना जाए कि बालगोबिन भगत साधु थे।” क्या ‘साधु’ की पहचान पहनावे के आधार पर की जानी चाहिए? आप किन आधारों पर यह सुनिश्चित करेंगे कि अमुक व्यक्ति ‘साधु’ है?
लेखक बालगोबिन भगत को गृहस्थ साधु क्यों मानता है? पाठ के आधार पर स्पष्ट कीजिए।
‘भगत अपनी सब चीज़ साहब की मानते थे’, उदाहरण द्वारा स्पष्ट कीजिए।
बालगोबिन भगत के संगीत को जादू क्यों कहा गया है?
भगत प्रभातियाँ किस महीने में गाया करते थे? उनके प्रभाती गायन का वर्णन कीजिए।
भगत का आँगन नृत्य-संगीत से किस तरह ओत-प्रोत हो उठता था?
भगत अपने सुस्त और बोदे से बेटे के साथ कैसा व्यवहार करते थे और क्यों?
पुत्र की मृत्यु के अवसर पर भगत अपनी पतोहू को परंपरा से हटकर कौन-सा कार्य करने को कह रहे थे और क्यों?
भगत की किस दलील के आगे उनकी पतोहू की एक न चली?
बालगोबिन भगत ने महिलाओं की सामाजिक स्थिति सुधारने के लिए क्या किया?
बालगोबिन भगत अपने साधु और गृहस्थ होने का स्वाभिमान कैसे बनाए रखते थे? उनकी गंगा-स्नान यात्रा के आलोक में स्पष्ट कीजिए।
किस घटना के आधार पर कहा जा सकता है कि बालगोबिन भगत प्रचलित सामाजिक मान्यताओं को नहीं मानते थे?
'क्षितिज' के गद्य पाठों के आधार निम्नलिखित बहुविकल्पीय प्रश्न का सर्वाधिक उपयुक्त विकल्प चुनकर लिखिए-
बालगोबिन भगत के जीवन से हमें क्या प्रेरणा मिलती है?
गद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए -
बालगोबिन भगत की 'गर्मियों की संझा' के दृश्य का चित्रण अपने शब्दों में कीजिए।
गद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए:
बालगोबिन भगत गृहस्थी के भीतर भी संन्यासी किस तरह थे?
गद्य पाठ के आधार पर निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए -
भगत की पुत्र-वधू भी उनकी उतनी ही चिंता करती थी जितनी भगत उसकी करते थे।- 'बालगोबिन भगत' पाठ से उदाहरण देते हुए इस कथन को स्पष्ट कीजिए।
