Advertisements
Advertisements
प्रश्न
भारतीय खाने की कुछ चीज़ें जैसे-चावल, सेवइयाँ, मिठाइयाँ यूरोप में अलग ढंग से खाई जाती हैं। क्या भारत में ये चीज़ें अलग-अलग ढंग/तरीकों से बनाई और खाई जाती हैं? पता करो और बताओ।
Advertisements
उत्तर
हर स्थान पर खाने की चीज़ों को अलग-अलग तरह से बनाया जाता है। जैसे कई स्थानों पर चावलों को उबाल कर, बिरयानी बनाकर, मीठे चावल बनाकर खाया जाता है, तो कहीं इडली या डोसा बनाकर बनाकर भी खाया जाता है। सेवइयाँ दूध में डालकर, नमकीन बनाकर, मीठी बनाकर या फलूदा आदि के रूप में खाई जाती हैं। इसी तरह मिठाइयाँ भी अलग-अलग तरह से बनाई जाती हैं।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
बात को कहने के तीन प्रमुख तरीके अब तक आप जान चुके होंगे-
(क) अभिधा (ख) लक्षणा (ग) व्यंजना
बताइए, नेहरू जी का निम्नलिखित वाक्य इन तीनों में से किसका उदाहरण है? यह भी बताइए कि आपको ऐसा क्यों लगता है?
"यदि ब्रिटेन ने भारत में यह बहुत भारी बोझ नहीं उठाया होता (जैसा कि उन्होंने हमें बताया है) और लंबे समय तक हमें स्वराज्य करने की वह कठिन कला नहीं सिखाई होती, जिससे हम इतने अनजान थे, तो भारत न केवल अधिक स्वतंत्र और अधिक समृद्ध होता.... बल्कि उसने कहीं अधिक प्रगति की होती।"
"हम उनसे कहते कि जब हम बड़े हो जाएँगे तो उनकी देखभाल करेंगे।" इस वाक्य को पढ़ो और बताओ कि–
(क) कौन किसकी देखभाल करना चाहता/चाहती है?
(ख) वह बड़ा/बड़ी होकर ही देखभाल करना क्यों चाहता/चाहती है?
(ग) क्या वह छोटे होने पर देखभाल नहीं कर सकता/सकती है?
(घ) अगर वह छोटे होने पर भी देखभाल करेगा/करेगी तो क्या हो सकता है?
क्या होता अगर
गोमा खेतों को तैयार न करता?
आधुनकि तकनीक द्वारा भेजे जाने वाले पत्रों के बारे में भी जानकारी प्राप्त करो। जैसे-ई-मेल, फैक्स आदि।
"इस वर्ष भी आषाढ़ सूखा ही रहा।"
लोककथा से जाहिर होता है कि गोमा के गाँव में तीन साल से वर्षा नहीं हुई थी। वर्षा न होने के कारण उनके गाँव के बैलों, खेतों और पेड़ों में क्या बदलाव आए होंगे?
तुम गीत-गाने, किस्सा-कहानी को सुनने के अलावा फ़िल्में भी देखते होगे। अब तुम पता करो कि–
(क) लोकगीतों और लोककथाओं को कौन-कौन लोग बनाते और गाते हैं?
(ख) क्या लोककथाओं पर भी नाटक या सिनेमा बना है? कुछ के नाम बताओ।
ऊपर के काम में तुम बड़ों से भी मदद ले सकते हो।
नीचे लिखे वाक्य को अपने ढंग से सार्थक रूप में तुम जिस तरह भी लिख सकते हो वैसे लिखो।
उसने घर की राह पकड़ ली।
"एक सदस्य माँ की भूमिका निभाता"
तुम्हारी माँ या घर का अन्य कोई सदस्य सुबह उठने से लेकर रात को सोने तक कौन-कौन से काम करता है? सूची बनाओ।
"हम सब इस अभिमान के खतरों को जानते थे, हमें यह भी ज्ञात था कि शायद हम कभी वापस न लौट सकें।
"वे दस नाविक इतनी खतरनाक यात्रा के लिए क्यों निकले होंगे? आपस में चर्चा करो।
"भारत के लोगों को अंग्रेज़ सरकार का सहयोग नहीं करना चाहिए और उनका काम बंद कर देना चाहिए। अगर कोई अंग्रेज़ अन्याय करेगा तो हम अन्याय सहने से इंकार करेंगे।"
ऊपर श्रीराम राजू द्वारा आदिवासियों से गाँधी जी की कही हुई बात का उल्लेख हुआ है। गाँधी जी ने स्वतंत्रता संग्राम के लिए बहुत सारी बातें कही थी। यह सब तुम्हें गाँधी जी पर लिखी गई किताबों, फ़िल्मों और अन्य जगहों पर मिल सकता है। तुम उनकी कही हुई बातों में जो बहुत महत्वपूर्ण समझो उसको अपने साथियों को बताओ।
नीचे लिखे वाक्य में मुहावरे का प्रयोग किया गया है। इस मुहावरे का प्रयोग करते हुए तुम कुछ नए वाक्य बनाओ।
भारतीय सैनिकों का बाल बाँका न होने पाए।
नीचे दिए गए शब्दों को अपनी मातृभाषा में लिखो और उन पर अपने मित्रों से चर्चा करो–
(क) नमस्ते -
(ख) घर -
(ग) सड़क -
(घ) समाचार-पत्र -
(ङ) पानी -
(च) साबुन -
(छ) धरती -
(ज) जंगल -
(झ) सुबह -
बाज़ार में बिकने वाले सामानों की डिजाइनों में हमेशा परिवर्तन होता रहता है आप इन परिवर्तनों को किस प्रकार देखते हैं? आपस में चर्चा कीजिए।
सभी मनुष्य एक ही प्रकार से देखते-सुनते हैं पर एकसमान विचार नहीं रखते। सभी अपनी-अपनी मनोवृत्तियों के अनुसार कार्य करते हैं। पाठ में आई कबीर की किस साखी से उपर्युक्त पंक्तियों के भाव मिलते हैं, एकसमान होने के लिए आवश्यक क्या है? लिखिए।
गवरइया की टोपी पर दर्जी ने पाँच हुँदने क्यों जड़ दिए?
मुहावरों के प्रयोग से भाषा आकर्षक बनती है। मुहावरे वाक्य के अंग होकर प्रयुक्त होते हैं। इनका अक्षरश: अर्थ नहीं बल्कि लाक्षणिक अर्थ लिया जाता है। पाठ में अनेक मुहावरे आए हैं। टोपी को लेकर तीन मुहावरे हैं; जैसेकितनों को टोपी पहनानी पड़ती है। शेष मुहावरों को खोजिए और उनका अर्थ ज्ञात करने का प्रयास कीजिए।
किसी भी क्रिया को पूरी करने में जो भी संज्ञा आदि शब्द संलग्न होते हैं, वे अपनी अलग-अलग भूमिकाओं के अनुसार अलग-अलग कारकों में वाक्य में दिखाई पड़ते हैं; जैसे-“वह हाथों से शिकार को जकड़ लेती थी।” जकड़ना क्रिया तभी संपन्न हो पाएगी जब कोई व्यक्ति ( शिकार) हो, जिसे जकड़ा जाए। इन भूमिकाओं की प्रकृति अलग-अलग है। व्याकरण में ये भूमिकाएँ कारकों के अलग-अलग भेदों; जैसे-कर्ता, कर्म, करण आदि से स्पष्ट होती हैं। अपनी पाठ्यपुस्तक से इस प्रकार के पाँच और उदाहरण खोजकर लिखिए और उन्हें भली-भाँति परिभाषित कीजिए।
अगले पृष्ठ पर दी गयी ‘पिता के बाद’ कविता पढ़िए। क्या कविता में और फातिमा की बात में कोई संबंध हो सकता है? अपने विचार लिखिए।
नीचे वाक्य दिया हैं जिनमें उपयुक्त मुहावरे भरने से ही वह पूरा हो सकता है। उन्हें पूरा करने के लिए मुहावरे भी दिए गए हैं। तुम सही मुहावरे से वाक्य पूरा करो।
देर से आने पर मम्मी ________ गईं।
नीचे वाक्य दिया हैं जिनमें उपयुक्त मुहावरे भरने से ही वह पूरा हो सकता है। उन्हें पूरा करने के लिए मुहावरे भी दिए गए हैं। तुम सही मुहावरे से वाक्य पूरा करो।
सरसराहट की आवाज़ सुनकर अजय ______।
