Advertisements
Advertisements
प्रश्न
रिक्त स्थान भरो
न, मत और नहीं का इस्तेमाल किसी काम के मनाही के लिए किया गया है। तुम नीचे लिखे वाक्यों में 'न', 'मत', 'मना' और 'नहीं' भरो।
(क) तुम वहाँ __________जाओ।
(ख) परीक्षा में _______ जो रामू फेल हुआ ________ही असलम।
(ग) मुझे इस प्रश्न का उत्तर ________ पता।
(घ) माँ ने मुझे छत पर जाने से _______ किया है।
Advertisements
उत्तर
(क) तुम वहाँ मत जाओ।
(ख) परीक्षा में न जो रामू फेल हुआ न ही असलम।
(ग) मुझे इस प्रश्न का उत्तर नहीं पता।
(घ) माँ ने मुझे छत पर जाने से मना किया है।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
बहुविकल्पी प्रश्न
कवि देशवासियों को कैसी तान सुनाना चाहता है?
बहुविकल्पी प्रश्न
यह गीत कैसा गीत है?
कवि विप्लव गान क्यों गाना चाहता है?
चुरुंगुन को कौन-कौन सी चीज़ें अच्छी लगती हैं?
नीचे लिखी पंक्ति को पढ़कर उत्तर दो।
"रोज त्योहार मनाएँगे।"
तुम्हारे विचार से क्या रोज़ त्योहार मनाना उचित है? क्यों?
ऐसी ही एक और कविता खोजकर अपनी कॉपी में लिखो। तुम स्वयं भी कविता की रचना कर सकते हो।
बहुत से लोग पक्षी पालते हैं-
पक्षियों को पालना उचित है अथवा नहीं? अपने विचार लिखिए।
पक्षियों को पिंजरे में बंद करने से केवल उनकी आज़ादी का हनन ही नहीं होता, अपितु पर्यावरण भी प्रभावित होता है। इस विषय पर दस पंक्तियों में अपने विचार लिखिए।
कठपुतली को गुस्सा क्यों आया?
कविता की भाषा में लय या तालमेल बनाने के लिए प्रचलित शब्दों और वाक्यों में बदलाव होता है। जैसे-आगे-पीछे अधिक प्रचलित शब्दों की जोड़ी है, लेकिन कविता में 'पीछे-आगे' का प्रयोग हुआ है। यहाँ 'आगे' का '...बोली ये धागे' से ध्वनि का तालमेल है। इस प्रकार के शब्दों की जोड़ियों में आप भी परिवर्तन कीजिए-दुबला-पतला, इधर-उधर, ऊपर-नीचे, दाएँ-बाएँ, गोरा-काला, लाल-पीला आदि।
'बहुत दिन हुए / हमें अपने मन के छंद छुए।'- इस पंक्ति का अर्थ और क्या हो सकता है? अगले पृष्ठ पर दिए हुए वाक्यों की सहायता से सोचिए और अर्थ लिखिए-
(क) बहुत दिन हो गए, मन में कोई उमंग नहीं आई।
(ख) बहुत दिन हो गए, मन के भीतर कविता-सी कोई बात नहीं उठी, जिसमें छंद हो, लय हो।
(ग) बहुत दिन हो गए, गाने-गुनगुनाने का मन नहीं हुआ।
(घ) बहुत दिन हो गए, मन का दुख दूर नहीं हुआ और न मन में खुशी आई।
किसे अँगीठी बताया गया है और क्यों?
कविता में चित्रित शाम और सूर्यास्त के दृश्य का वर्णन अपने शब्दों में कीजिए।
बहुविकल्पी प्रश्न
“संपति सगे’ में किस अलंकार का प्रयोग हुआ है?
‘जल को मछलियों से कोई प्रेम नहीं होता’ इसका क्या प्रमाण है?
कविता में दो शब्दों के मध्य (−) का प्रयोग किया गया है, जैसे− 'जिससे उथल-पुथल मच जाए' एवं 'कण-कण में है व्याप्त वही स्वर'। इन पंक्तियों को पढ़िए और अनुमान लगाइए कि कवि ऐसा प्रयोग क्यों करते हैं?
तिनकेवाली घटना से कवि को क्या प्रेरणा मिली?
बहुविकल्पी प्रश्न
कृष्ण को जगाने के लिए द्वार पर कौन खड़े हैं?
नमूने के अनुसार लिखो:
| नमूना → |
छोड़ घोंसला बाहर आया. देखी डालें, देखे पात।
|
| चुरुंगन घोंसला छोड़कर बाहर आया। उसने डालें और पत्ते देखे। |
कच्चे-पक्के फल पहचाने,
खाए और गिराए काट।
बार-बार बोलो और नीचे दिए गए शब्द से वाक्य बनाओ।
डाल - ढाल
