Advertisements
Advertisements
प्रश्न
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
चिन्त् + क्त्वा
Advertisements
उत्तर
चिन्तयित्वा
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
एकपदेन उत्तरत -
धारराज्ये को राजा प्रजाः पर्यपालयत्?
एकपदेन उत्तरत -
सिन्धुलः कस्मै राज्यम् अयच्छत्?
एकपदेन उत्तरत -
सिन्धुलः कस्य उत्सङ्गे भोजं मुमोच?
एकपदेन उत्तरत -
मुञ्जः कं मुख्यामात्यं दूरीकृतवान्?
एकपदेन उत्तरत -
कः विच्छाय्वदनः अभूत्?
एकपदेन उत्तरत -
मुञ्जः कं समाकारितवान्?
एकपदेन उत्तरत -
वत्सराजः भोजं रथे निवेश्य कुत्र नीतवान्?
एकपदेन उत्तरत -
कृतयुगालङ्कारभूतः क आसीत्?
एकपदेन उत्तरत -
महोदधौ सेतुः केन रचितः?
पूर्णवाक्येन उत्तरत -
भोजः कस्य पुत्रः आसीत्?
पूर्णवाक्येन उत्तरत -
सिन्धुलः किं विचारयामास?
पूर्णवाक्येन उत्तरत -
सभायां कीदृशः ब्राह्मणः आगतवान्?
पूर्णवाक्येन उत्तरत -
मुञ्जः किम् अचिन्तयत्?
पूर्णवाक्येन उत्तरत -
वत्सराजः भोजं कुत्र नीतवान्?
पूर्णवाक्येन उत्तरत -
मुञ्जः कापलिकं किम् उक्तवान्?
रेखाङ्कित-पद आधृत्य प्रश्ननिर्माणं कुरुत -
एकदा एकः ब्राह्मणः सभायाम् आगच्छत्।
रेखाङ्कित-पद आधृत्य प्रश्ननिर्माणं कुरुत -
मुञ्जः भोजस्य जन्मपत्रिकाम् अदर्शयत्।
रेखाङ्कित-पद आधृत्य प्रश्ननिर्माणं कुरुत -
मुञ्जः सभामागतं कापालिकं दण्डवत् प्राणमत्।
रेखाङ्कितपदानि आधृत्य प्रश्ननिर्माणं कुरुत-
भोजः चिरं प्रजाः पालितवान्।
प्रकृतिप्रत्ययविभागं कुरुत -
| उपसर्गः | धातुः | प्रत्ययः | |
| अपहाय |
प्रकृतिप्रत्ययविभागं कुरुत -
| उपसर्गः | धातुः | प्रत्ययः | |
| दत्तम् |
प्रकृतिप्रत्ययविभागं कुरुत -
| उपसर्गः | धातुः | प्रत्ययः | |
| विचार्य |
प्रकृतिप्रत्ययविभागं कुरुत -
| उपसर्गः | धातुः | प्रत्ययः | |
| निशम्य |
प्रकृतिप्रत्ययविभागं कुरुत -
| उपसर्गः | धातुः | प्रत्ययः | |
| विधाय |
प्रकृतिप्रत्ययविभागं कुरुत -
| उपसर्गः | धातुः | प्रत्ययः | |
| भोक्तव्य |
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
जीव् + शतृ
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
मृ + क्त
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
हन् + तव्यत्
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
आ + नी + तव्यत्
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
नि + शम् + ल्यप्
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
नम् + क्त्वा
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
मन् + क्त्वा
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
ज्ञा + क्त्वा
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
नी + क्तवतु
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
आ + पद् + क्त
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
हन् + क्तवतु
प्रकृति-प्रत्ययं नियुज्य शब्दं लिखत -
आ + दिश् + क्त
उदाहरणानुसारं लिखत -
| उपसर्गः | धातुः | लकारः | पुरुषः | वचनम् | |
| यथा - पर्यपालयत् | परि | पाल् | लङ् | प्रथम पुरुष | एकवचन |
| प्रयच्छामि |
उयाहरणानुसारं लिखत -
| उपसर्गः | धातुः | लकारः | पुरुषः | वचनम् | |
| यथा- पर्यपालयत् | परि | पाल् | लङ् | प्रथम पुरुष | एकवचन |
| व्यचिन्तयत् |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| उपसर्गः | धातुः | लकारः | पुरुषः | वचनम् | |
| यथा- पर्यपालयत् | परि | पाल् | लङ् | प्रथम पुरुष | एकवचन |
| यास्यति |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| उपसर्गः | धातुः | लकारः | पुरुषः | वचनम् | |
| यथा- पर्यपालयत् | परि | पाल् | लङ् | प्रथम पुरुष | एकवचन |
| मारयिष्यति |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| उपसर्गः | धातुः | लकारः | पुरुषः | वचनम् | |
| यथा- पर्यपालयत् | परि | पाल् | लङ् | प्रथम पुरुष | एकवचन |
| कथयन्ति |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| उपसर्गः | धातुः | लकारः | पुरुषः | वचनम् | |
| यथा- पर्यपालयत् | परि | पाल् | लङ् | प्रथमपुरुष | एकवचन |
| भवति |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| शब्दः | लिङ्गः | विभक्तिः | वचनम् | |
| यथा- आत्मनः | आत्मन् | पुल्लिङ्गः | षष्ठी | एकवचनम् |
| पुत्राय |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| शब्दः | लिङ्गः | विभक्तिः | वचनम् | |
| यथा- आत्मनः | आत्मन् | पुल्लिङ्गः | षष्ठी | एकवचनम् |
| लोकाः |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| शब्दः | लिङ्गः | विभक्तिः | वचनम् | |
| यथा- आत्मनः | आत्मन् | पुल्लिङ्गः | षष्ठी | एकवचनम् |
| भूमौ |
उदाहरणानुसारं लिखत -
| शब्दः | लिङ्गः | विभक्तिः | वचनम् | |
| यथा- आत्मनः | आत्मन् | पुल्लिङ्गः | षष्ठी | एकवचनम् |
| श्रीमता |
उदाहरणानुसारं लिखत-
| शब्दः | लिङ्गः | विभक्तिः | वचनम् | |
| यथा- आत्मनः | आत्मन् | पुल्लिङ्गः | षष्ठी | एकवचनम् |
| वह्नौ |
