मराठी
महाराष्ट्र राज्य शिक्षण मंडळएस.एस.सी (हिंदी माध्यम) इयत्ता ९ वी

निम्नलिखित कथन के लिए नाम निर्देशित आकृति बनाकर दत्त तथा साध्य लिखिए। त्रिभुज की दो भुजाओं पर खींचे गए शीर्षलंब यदि सर्वांगसम हों तो वे दोनों भुजाएँ सर्वांगसम होती हैं।

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

निम्नलिखित कथन के लिए नाम निर्देशित आकृति बनाकर दत्त तथा साध्य लिखिए।

त्रिभुज की दो भुजाओं पर खींचे गए शीर्षलंब यदि सर्वांगसम हों तो वे दोनों भुजाएँ सर्वांगसम होती हैं।

आकृती
बेरीज
Advertisements

उत्तर

दत्त : त्रिभुज की दो भुजाओं पर खींचे गए लंब सर्वांगसम हैं।

अर्थात, ΔABC  में

रेख BM ⊥ भुजा AC, A - M - C

रेखCN ⊥ भुजा  AB,  A - N - B

रेख BM ≅ रेख CN.

साध्य : वे दोनों भुजाएँ सर्वांगसम होंगी।

अर्थात, भुजा AB ≅ भुजा AC.

shaalaa.com
सशर्त कथन और विलोम
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 1: भूमिति के मूलभूत संबोध - प्रकीर्ण प्रश्नसंग्रह 1 [पृष्ठ १२]

APPEARS IN

बालभारती Ganit 2 [Hindi] Standard 9 Maharashtra State Board
पाठ 1 भूमिति के मूलभूत संबोध
प्रकीर्ण प्रश्नसंग्रह 1 | Q 10. (iii) | पृष्ठ १२

संबंधित प्रश्‍न

निम्नलिखित कथन को यदि-तो के रूप में लिखिए।

आयत के विकर्ण सर्वांगसम होते हैं।


निम्नलिखित कथन को यदि-तो के रूप में लिखिए।

समद्विबाहु त्रिभुज मे शीर्षबिंदु तथा आधार के मध्यबिंदु को जोड़ने वाला रेखाखंड आधार पर लंब होता है।


नीचे दिए गए कथन का विलोम लिखिए।

दो रेखाओं को एक तिर्यक रेखा द्वारा प्रतिच्छेदित करने पर बनने वाले अंतः कोणों की एक जोड़ी संपूरक हो तो वे रेखाएँ परस्पर समांतर होती हैं।


निम्नलिखित कथन सशर्त रूप में लिखिए ।

प्रत्येक समचर्तुभुज यह वर्ग होता है ।


निम्नलिखित कथन सशर्त रूप में लिखिए ।

रैखिक युगल कोण परस्पर संपूरक होते हैं ।


निम्नलिखित कथन सशर्त रूप में लिखिए ।

केवल दो ही विभाजक हो ऐसी संख्या को अभाज्य संख्या कहते हैं ।


निम्नलिखित कथन के विलोम लिखिए।

दो कोणों के मापों का योग 90° हो तो वे परस्पर कोटिपूरक कोण होते हैं।


निम्नलिखित कथन के विलोम लिखिए।

दो समांतर रेखाओं को एक तिर्यक रेखा प्रतिच्छेदित करें तो बनने वाले संगत कोण सर्वांगसम होते हैं।


निम्नलिखित कथन के विलोम लिखिए।

किसी संख्या में उसके अंकों के योगफल से भाग जाता हो तो वह संख्या 3 से विभाज्य होती है।


निम्नलिखित कथन मे दत्त तथा साध्य लिखिए।

समांतर चतुर्भुज के विकर्ण परस्पर समद्‌विभाजित होते हैं।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×