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प्रश्न
निम्नलिखित अपघटन अभिक्रिया में कौन-सा/कौन-से कथन सही नहीं है/हैं?
\[\ce{2KClO3 -> 2KCl + 3O2}\]
पर्याय
पोटैशियम का ऑक्सीकरण हो रहा है।
क्लोरीन का ऑक्सीकरण हो रहा है।
ऑक्सीजन अपचित हो रही है।
किसी भी स्पीशीज़ का न तो ऑक्सीकरण हो रहा है न ही अपचयन।
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उत्तर
पोटैशियम का ऑक्सीकरण हो रहा है।
क्लोरीन का ऑक्सीकरण हो रहा है।
ऑक्सीजन अपचित हो रही है।
किसी भी स्पीशीज़ का न तो ऑक्सीकरण हो रहा है न ही अपचयन।
स्पष्टीकरण:
\[\ce{2KClO3 -> 2KCl + 3O2}\]
2KClO3 में: पोटेशियम (K) = +1, ऑक्सीजन (O) = −2, और क्लोरीन (Cl) की ऑक्सीकरण संख्या = +5 है।
1 + 3(−2) = 0
x = +5
KCl में: पोटेशियम (K) = +1 और क्लोरीन (Cl) = −1 हैं।
3O2 में: मुक्त अवस्था में ऑक्सीजन (O) = 0 है।
पोटैशियम का ऑक्सीकरण हो रहा है क्योंकि K की ऑक्सीकरण संख्या +1 से +1 रहती है, अतः पोटैशियम का न तो ऑक्सीकरण होता है और न ही अपचयन।
क्लोरीन का ऑक्सीकरण हो रहा है क्योंकि क्लोरीन की ऑक्सीकरण संख्या +5 से घटकर −1 हो जाती है, जिसका अर्थ है कि क्लोरीन का अपचयन हो रहा है।
ऑक्सीजन अपचित हो रही है क्योंकि ऑक्सीजन की ऑक्सीकरण संख्या −2 से बढ़कर 0 हो जाती है, जिसका अर्थ है कि ऑक्सीजन का ऑक्सीकरण हो रहा है।
किसी भी स्पीशीज़ का न तो ऑक्सीकरण हो रहा है न ही अपचयन क्योंकि यह एक रेडॉक्स अभिक्रिया है जिसमें क्लोरीन का अपचयन (+5 से −1) और ऑक्सीजन का ऑक्सीकरण (−2 से 0) दोनों हो रहे हैं।
