मराठी

किसी U-नली की दोनों भुजाओं में भरे जल तथा मेथेलेटिड स्पिरिट को पारा एक-दूसरे से पृथक् करता है। जब जल तथा पारे के स्तंभ क्रमशः 10 cm तथा 12.5 cm ऊँचे हैं तो दोनों

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प्रश्न

किसी U-नली की दोनों भुजाओं में भरे जल तथा मेथेलेटिड स्पिरिट को पारा एक-दूसरे से पृथक् करता है। जब जल तथा पारे के स्तंभ क्रमशः 10 cm तथा 12.5 cm ऊँचे हैं तो दोनों भुजाओं में पारे का स्तर समान है। स्पिरिट का आपेक्षिक घनत्व ज्ञात कीजिए।

संख्यात्मक
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उत्तर

U- नली की एक भुजा में जल स्तंभ के लिए,
h1 = 10.0 cm; ρ1 (घनत्व) = 1 g-cm-3
U- नली की दूसरी भुजा में मेथेलेटिड स्प्रिट के लिए,
h2 =12.5 cm; ρ2 =?
चूंकि दोनों भुजाओं में पारे का तल समान है अत: इस तल पर दोनों भुजाओं के स्तंभों के दाब भी समान होंगे। अर्थात् 

`"h"_1ρ_1"g" = "h"_2ρ_2"g"`

या `ρ_2 = ("h"_1ρ_1)/"h"_2 = (10 xx 1)/12.5` = 0.8 g-cm3

अतः स्प्रिट का आपेक्षिक घनत्व `ρ_2/ρ_1 = (0.8  "gm" - "cm"^3)/(1  "gm" - "cm"^3) =  0.8`

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  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 9: तरलों के यांत्रिक गुण - अभ्यास [पृष्ठ २८३]

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एनसीईआरटी Bhautiki Bhag 1 aur 2 [Hindi] Class 11
पाठ 9 तरलों के यांत्रिक गुण
अभ्यास | Q 10.9 | पृष्ठ २८३

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