Advertisements
Advertisements
प्रश्न
जात्र्या के खेड़ी के परिवार में कितने लोग थे? जात्र्या जब अपने परिवार के बारे में सोचता तो उसके मन में कौन-कौन आता?
Advertisements
उत्तर
जात्र्या के खेड़ी के परिवार में कुल तीन लोग थे, जात्र्या, उसके माता तथा पिता। परन्तु जात्र्या के लिए पूरा गाँव ही उसके परिवा’ जैसा था। जात्र्या जब अपने के बारे में सोचता तो उसके मन में उसके भविष्य की पत्नी तथा बच्चे आते थे।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
जात्र्या जैसे परिवार बड़े शहरों में क्यों आते होंगे?
क्या तुमने ऐसे बच्चों को देखा है जो पढ़ने के साथ काम पर भी जाते हैं?
जिन चीज़ों का ज्ञान जात्र्या को खेड़ी में हासिल हुआ, उनमें से कितना उन्हें मुंबई में काम आया होगा?
क्या तुम हर रोज़ पक्षियों की आवाज़ें सुनते हो? कौन-कौन से?
क्या तुम किसी पक्षी की आवाज़ की नकल कर सकते हो? करके दिखाओ।
जात्र्या के गाँव के कई लोगों को अपने जंगल-ज़मीन छोड़ना मंजूर न था। ऐसा क्यों? न चाहते हुए भी उन्हें अपना गाँव छोड़ना ही पड़ा। सोचो क्यों?
क्या तुम कोई ऐसी जगह जानते हो, जहाँ स्कूल है ही नहीं?
जहाँ बाँध बनता है, वहाँ के लोगों को क्या-क्या परेशानियाँ होती होंगी?
कुछ लोग ऐसा सोचते हैं - "शहरी लोग गंदगी नहीं फैलाते। शहर का गंद तो झुग्गी-झोंपड़ियों से है।" तुम्हें क्या लगता है - आपस में बात करो, बहस करो।
जात्र्या के परिवार जैसे लाखों परिवार अलग-अलग कारणों से बड़े शहरों में रहने के लिए जाते हैं। मगर इन बड़े शहरों में उनकी ज़िंदगी क्या पहले से अच्छी होती है? बड़े शहरों में उन्हें किस तरह के अनुभव होते होंगे?
