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प्रश्न
फिराक गोरखपुरी की गजल में किस प्रकार की भावनाएँ और भाषा शैली का प्रयोग हुआ है? स्पष्ट कीजिए।
स्पष्ट करा
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उत्तर
फ़िराक गोरखपुरी की ग़ज़ल में दर्द और पीड़ा से भरी भावनाओं का सुंदर वर्णन किया गया है। उन्होंने यह बताया है कि लोगों ने हमेशा उसे ताने मारे और उसकी किस्मत ने हमेशा उसे धोखा दिया। गोरखपुरी की रुबाइयाँ कला की दृष्टि से अत्यंत उत्कृष्ट हैं। उनकी भाषा सहज, सरल और प्रभावशाली है। उन्होंने भावनाओं के अनुरूप भाषा शैली का इस्तेमाल किया है। उर्दू शब्दावली के साथ-साथ शायर ने देशज संस्कृत के शब्दों का भी स्वाभाविक रूप से उपयोग किया है, जैसे कि "लोका", "पिनहाती", "पुते", "लावे" आदि, जो उनकी रुबाइयों को और भी प्रभावी बनाते हैं।
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या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
2021-2022 (March) Term 2 - Delhi Set 1
