मराठी
महाराष्ट्र राज्य शिक्षण मंडळएस.एस.सी (इंग्रजी माध्यम) इयत्ता ८ वी

चुप रहने के चार फायदे लिखो: १. ______ २. ______ ३. ______ ४. ______

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

चुप रहने के चार फायदे लिखो:

  1. ______
  2. ______
  3. ______
  4. ______
लघु उत्तर
Advertisements

उत्तर

चुप रहने के चार फायदे इस प्रकार हैं: 

  1. अनावश्यक विवादों और गलतफहमियों से बचाव होता है।
  2. सुनने और समझने की क्षमता बढ़ती है।
  3. समय और ऊर्जा की बचत होती है।
  4. सोच-समझकर सही समय पर बोलने का अवसर मिलता है।
shaalaa.com
पद्य (8th Standard)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 1.6: जरा प्यार से बोलना सीख लीज - सूचना नुसार कृतियाँ करो [पृष्ठ १५]

APPEARS IN

बालभारती Hindi Sulabhbharati Standard 8 Maharashtra State Board
पाठ 1.6 जरा प्यार से बोलना सीख लीज
सूचना नुसार कृतियाँ करो | Q (३) | पृष्ठ १५

संबंधित प्रश्‍न

कृति पूर्ण करो:

मातृभूमि की विशेषताएँ

  1. ______
  2. ______
  3. ______
  4. ______

कृति पूर्ण करो :


एक शब्‍द में उत्‍तर लिखो:

कवि की जिह्‌वा पर इसके गीत हों −


एक शब्‍द में उत्‍तर लिखो :

मातृभूमि के सपूत - ______


कविता की पंक्‍तियाँ पूर्ण करो :

सेवा में तेरी ____________;
__________________ ।।
__________________ ।
बलिदान मैं जाऊँ ।।


तुलना करो :

गाँव शहर
______ ______
______ ______
______ ______

एक शब्‍द में उत्‍तर लिखो :

बदले-से लगते हैं - ______


एक शब्‍द में उत्‍तर लिखो :

जहाँ तिल रखने की जगह नहीं है - ______


एक शब्‍द में उत्‍तर लिखो :

लँगड़ाकर चलने वाली - ______


कविता की अंतिम चार पंक्‍तियों का अर्थ लिखो।

बात बेबात कोई चुभने लगे तो,
बदलकर उसे मोड़ना सीख लीजे।

ये किसने कहा होंठ सीकर के बैठो,
जरूरत पे मुँह खोलना सीख लीजे।


कविता में आए इस अर्थ के शब्‍द लिखो :

  अर्थ शब्‍द
(१) मधु ______
(२) कड़वे ______
(३) विचार ______
(४) आवश्यकता ______

कृति पूर्ण करो :


कविता में इस अर्थ में आए शब्‍द लिखो :

कोई


प्रवाह तालिका पूर्ण करो:


कृति पूर्ण करो :


कृति पूर्ण करो :

बगिया की शान -

  • ______
  • ______

कृति करो :


संजाल पूर्ण करो :


उत्‍तर लिखो :

कविता में प्रयुक्‍त पात्र

  • ______
  • ______
  • ______

कृति करो :

 


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×