मराठी

अपने प्राणों के बलिदान का अवसर आ गया है। इस वाक्य में "प्राणों का बलिदान देना" मुहावरे का प्रयोग हुआ है। नीचे मुहावरा दिया गया हैं। इसका अपने वाक्य में प्रयोग करो। शहीद हो जाना - Hindi (हिंदी)

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

अपने प्राणों के बलिदान का अवसर आ गया है। इस वाक्य में "प्राणों का बलिदान देना" मुहावरे का प्रयोग हुआ है।
नीचे मुहावरा दिया गया हैं। इसका अपने वाक्य में प्रयोग करो।

शहीद हो जाना

एका वाक्यात उत्तर
Advertisements

उत्तर

शहीद हो जाना - सैनिक शहीद हो जाने से घबराते नहीं हैं।

shaalaa.com
गद्य (Prose) (Class 7)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 12: शहीद झलकारीबाई - अभ्यास [पृष्ठ ७१]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Durva Part 2 Class 7
पाठ 12 शहीद झलकारीबाई
अभ्यास | Q 2. घ | पृष्ठ ७१

संबंधित प्रश्‍न

कवि ने इस कविता के माध्यम से हमें क्या संदेश देना चाहा है?


बहुविकल्पी प्रश्न

आश्रम में कितनी पुस्तकें रखने की बात हो रही थी?


अनिल दिव्या को अस्पताल क्यों ले गया?


सरकस में जानवरों के करतब दिखाए जाते हैं। उनके प्रति क्रूरता बरती जाती है। क्या ऐसे सरकस को मनोरंजन का साधन माना जा सकता है? सरकस को स्वस्थ मनोरंजन का साधन बनाने के लिए क्या किया जाना चाहिए?


काबुलीवाला मेवे बेचता था। नीचे कुछ मेवों के नाम लिखे हैं। उन्हें दिए गए शब्दजाल में ढूँढो। ये संज्ञा हैं। इसकी विशेषता बताने वाले शब्द विशेषण होते हैं। उसे भी सोचकर लिखो।


इन वाक्य को पढ़ो और इसे प्रश्नवाचक वाक्य में बदलो।

ज्ञान असीमित है।


बोलचाल में प्रयोग होने वाले शब्द और वाक्यांश 'दादी माँ' कहानी में हैं। इन शब्दों और वाक्यांशो से पता चलता है कि यह कहानी किसी विशेष क्षेत्र से संबंधित है। ऐसे शब्दों और वाक्यांशो में क्षेत्रीय बोलचाल की खूबियाँ होती हैं। उदाहरण के लिए-निकसार, बरह्मा, उरिन, चिउड़ा, छौंका इत्यादि शब्दों को देखा जा सकता है। इन शब्दों का उच्चारण अन्य क्षेत्रीय बोलयों में अलग ढंग से होता है, जैसे-चिउड़ा को चिड़वा, चूड़त्र, पोहा और इसी तरह छौंका को छौंक, तड़का भी कहा जाता है। निकसार, उरिन और बरह्मा शब्द क्रमश: निकास, उऋण और ब्रह्मा शब्द का क्षेत्रीय रूप हैं। इस प्रकार के दस शब्दों को बोलचाल में उपयोग होनेवाली भाषा/बोली से एकत्र कीजिए और कक्षा में लिखकर दिखाइए।


यह लेख 1947 में लिखा गया था। तब से हिमालय से निकलनेवाली नदियों में क्या-क्या बदलाव आए हैं?


कहानी के अंत में नन्ही चिड़िया का सेठ के नौकर के पंजे से भाग निकलने की बात पढ़कर तुम्हें कैसा लगा? चालीस-पचास या इससे कुछ अधिक शब्दों में अपनी प्रतिक्रिया लिखिए।


माधवदास ने जीवन के अकेलेपन को दूर करने का क्या तरकीब निकाला?


दृढ़ निश्चय और अथक परिश्रम से सफलता पाने के बाद तोत्तो-चान और यासुकी-चान को अपूर्व अनुभव मिला, इन दोनों के अपूर्व अनुभव कुछ अलग-अलग थे। दोनों में क्या अंतर रहे? लिखिए।


तोत्तो-चान को यासुकी-चान कहाँ मिला?


कंचे जब जार से निकलकर अप्पू के मन की कल्पना में समा जाते हैं, तब क्या होता है?


आप कहानी को क्या शीर्षक देना चाहेंगे?


पिछली शताब्दी में खानपान की बदलती हुई तसवीर का खाका खींचें तो इस प्रकार होगा-
सन् साठ का देशक – छोले-भटूरे
सन् सत्तर का दशक – इडली, डोसा
सन् अस्सी का दशक – तिब्बती (चीनी) भोजन
सन् नब्बे का दशक – पीजा, पाव-भाजी
इसी प्रकार आप कुछ कपड़ों या पोशाकों की बदलती तसवीर का खाका खींचिए।


साक्षात्कार पढ़कर आपके मन में धनराज पिल्लै की कैसी छवि उभरती है? वर्णन कीजिए।


वर्षा ऋतु में जब आकाश में बादल घिर आते हैं तब मोर पंख फैलाकर धीरे-धीरे मचलने लगता है यह मोहक दृश्य देखने का प्रयास कीजिए।


बहुविकल्पी प्रश्न

‘नीलकंठ’ पाठ के लेखक कौन हैं?


वीर-कुँवर सिंह का पढ़ने के साथ-साथ कुश्ती और घुड़सवारी में अधिक मन लगता था। आपको पढ़ने के अलावा और किन-किन गतिविधियों या कामों में खूब मज़ा आता है? लिखिए?


सन् 1857 में अगर आप 12 वर्ष के होते तो क्या करते? कल्पना करके लिखिए।


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×