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''ऐसा जैसे सारी बस ही इंजन है और हम इंजन के भीतर बैठे हैं।'' • लेखक को ऐसा क्यों लगा? - Hindi (हिंदी)

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प्रश्न

''ऐसा जैसे सारी बस ही इंजन है और हम इंजन के भीतर बैठे हैं।''

• लेखक को ऐसा क्यों लगा?

टीपा लिहा
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उत्तर

लेखक के अनुसार से बस बहुत ही पुरानी थी। बस की हालत ऐसी थी कि कोई वृद्ध अपनी उम्र के चरम में था। उसको देखकर लेखक के मन में श्रद्धा जागृत हो रही थी। उस बस के इंजन के तो क्या कहने। लेखक कहता है बस के स्टार्ट होते हुए वो इतना शोर कर रहा था मानो कि उन्हें ऐसा लगा जैसे इंजन आगे नहीं अपितु पूरी बस में लगा हो, क्योंकि उसका इंजन दयनीय स्थिति में था। इससे पूरी बस हिल रही थी, इसलिए उन्हें लगा की सारी बस ही इंजन है और हम इंजन के भीतर बैठे हैं।

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गद्य (Prose) (Class 8)
  या प्रश्नात किंवा उत्तरात काही त्रुटी आहे का?
पाठ 3: बस की यात्रा - कारण बताएँ [पृष्ठ १७]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi - Vasant Part 3 Class 8
पाठ 3 बस की यात्रा
कारण बताएँ | Q 3 | पृष्ठ १७

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