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ISC (Commerce) कक्षा १२ - CISCE Question Bank Solutions

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चुनाव में अपनी करारी हार देखकर नेताजी के पाँव तले ______ खिसक गई।

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित वाक्यों में से शुद्ध वाक्य का चयन कीजिए:

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित वाक्यों में से अशुद्ध वाक्य का चयन कीजिए:

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित वाक्य में रेखांकित शब्द के लिए सही शब्द का चयन कीजिए:

संकट की घड़ी में ऋण प्रदान करने के लिए श्रीलंका, विश्वबैंक का कृतघ्न है।

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित मुहावरे से वाक्य बनाइए।

ईंट से ईंट बजाना

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित मुहावरे को शुद्ध कीजिए।

घाट-घाट का खाना खाना

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित वाक्य में रिक्त स्थान की पूर्ति के लिए एक सटीक मुहावरे का चयन कीजिए।

झाँसी की रानी लक्ष्मीबाई ने शत्रु सेना के सामने ______ स्वीकार नहीं किया।

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित वाक्य के लिए एक सटीक मुहावरे का चयन कीजिए।

अपनी दुकान बेचने के सिवाय उसके पास और कोई उपाय नहीं था।

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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निम्नलिखित मुहावरे के सही अर्थ का चयन कीजिए।

पाँचो अंगुलियाँ घी में होना

[3] व्याकरण (Grammar)
Chapter: [3] व्याकरण (Grammar)
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उसने अपने सारे साहस को समेटकर दृढ़ता से कहा-“माँ, मैं कानपुर जाऊँगी।

  1. उक्त कथन से संबंधित पाठ और उसके लेखक का नाम लिखिए।      [1]
  2. यह कथन किसने कहा हैं? वह कानपुर क्यों जाना चाहती है?            [2]
  3. इस कथन के पीछे वक्‍ता का क्या उद्देश्य था? आप किस आधार पर कहेंगे कि वक्ता ने उचित कदम उठाया?            [2]
  4. स्पष्ट कीजिए कि स्वतंत्रता प्राप्ति के आन्दोलन में वक्ता का त्याग भी किसी देशभक्त से कम नहीं था?              [5]
[1] गद्य (Prose)
Chapter: [1] गद्य (Prose)
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'किसी के क्षणिक आडम्बर और व्यवहार पर आँख मुँदकर विश्वास कर लेना घातक सिद्ध हो सकता है।-'सती' कहानी के प्रसंग में मदालसा के चरित्र को ध्यान में रखते हुए इस कथन की व्याख्या कीजिए।

[4] लेखन कौशल (Writing Skills)
Chapter: [4] लेखन कौशल (Writing Skills)
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'भक्तिन' एक कर्मठ नारी के संघर्षमय जीवन की कहानी है। इस कथन को भक्तिन के जीवन के चार अध्यायों के आधार पर स्पष्ट कीजिए।

[4] लेखन कौशल (Writing Skills)
Chapter: [4] लेखन कौशल (Writing Skills)
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'अंतिम बार गोद में बेटी;

तुमको ले न सका मैं हा

एक फूल माँ के प्रसाद का

तुझको दे न सका मैं हा!'

  1. प्रस्तुत पंक्तियाँ किस कविता से ली गई हैं? यहाँ मैं शब्द का प्रयोग किसके लिए किया गया है?            [1]
  2. 'बेटी ने किससे, क्या इच्छा जाहिर की?                       [2]
  3. क्या वक्ता की इच्छा पुरी हो सकी? कारण सहित उत्तर लिखिए।            [2]
  4. इस कविता में कवि ने किस भेदभाव को उजागर किया हैं? वह किस प्रकार देश की प्रगति में बाधक है? समझाकर लिखिए।               [5]
[2] पद्य (Poetry)
Chapter: [2] पद्य (Poetry)
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सूरदास जी की भक्ति भावना पर प्रकाश डालते हुए संकलित पदों के आधार पर श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं तथा माता यशोदा के वात्सल्य भाव का वर्णन कीजिए।

[2] पद्य (Poetry)
Chapter: [2] पद्य (Poetry)
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'जाग तुझको दूर जाना है' कविता में कवयित्री स्वयं के मन तथा मानव मन को क्या संदेश देना चाहती हैं? कविता की पंक्तियाँ कहीं-न-कहीं हम सब में एक नया उत्साह भरती हैं। कविता के आधार पर इस कथन को स्पष्ट कीजिए।

[2] पद्य (Poetry)
Chapter: [2] पद्य (Poetry)
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“बहुत है बहुत है दिवाकर!” कृतज्ञता-गद्गद स्वर में मैंने कहा, यह हो जाए दिवाकर, तो मेरा उद्घार हो जाएगा। तू नहीं जानता मैं कितना परेशान हूँ। घर में एक पल को चैन नहीं मिलता...।
  1. वक्‍ता कौन है? उसका संक्षिप्त परिचय दीजिए।          [1]
  2. दिवाकर कौन है? वह वक्ता को क्या काम दिलवा रहा था?          [2]
  3. वक्ता की इस पर क्या प्रतिक्रिया थी?          [2]
  4. “तू नहीं जानता मैं कितना परेशान हूँ। घर में एक पल को चैन नहीं मिलता......।" इस कथन के आलोक में वक्ता के घर की स्थिति का वर्णन कीजिए।      [5]
[1] गद्य (Prose)
Chapter: [1] गद्य (Prose)
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राजेन्द्र यादव ने समकालीन संदर्भों एवं समस्याओं का मंथन करते हुए 'सारा आकाश' उपन्यास की रचना की है। समर एक ऐसा पात्र है जिसका चरित्रांकन यथार्थवाद के धरातल पर किया गया है। उक्त कथन को ध्यान सें रखकर समर का चरित्र चित्रण कीजिए।

[1] गद्य (Prose)
Chapter: [1] गद्य (Prose)
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'सारा आकाश' केवल समर और प्रभा की ही कथा नहीं है बल्कि इसके माध्यम से लेखक ने पारिवारिक तथा सामाजिक समस्याओं को भी उजागर किया है। उपन्यास के आधार पर इस कथन की व्याख्या कीजिए। साथ ही यह भी लिखिए कि आप इस कथन से कितना सहमत हैं और क्यों?

[1] गद्य (Prose)
Chapter: [1] गद्य (Prose)
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“उनके प्रसंग में मेरी बात कहीं नहीं आती। मैं अनेकानेक साधारण व्यक्तियों में से हूँ। वे असाधारण हैं। उन्हें जीवन में असाधारण का ही साथ चाहिए था। सुना है राज-दुहिता बहुत विदुषी हैं।”

  1. प्रस्तुत कथन के वक्ता और श्रोता कौन हैं?          [1]
  2. उक्त कथन का संदर्भ स्पष्ट कीजिए।                 [2]
  3. “वक्ता ने असाधारण' किसे कहा और क्यों?        [2] 
  4. उक्त संवाद के आलोक में वक्ता के चारित्र की विशेषताएँ लिखिए।    [5]
[1] गद्य (Prose)
Chapter: [1] गद्य (Prose)
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“राज्याश्रय में रहकर साहित्यकार का लेखन कुंठित हो जाता है -'आषाढ़ का एक दिन' नाटक के आधार पर इस कथन की समीक्षा कीजिए।

[1] गद्य (Prose)
Chapter: [1] गद्य (Prose)
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