हिंदी

टोपी नवीं कक्षा में दो बार फ़ेल हो गया। बताइए − एक ही कक्षा में दो-दो बार बैठने से टोपी को किन भावात्मक चुनौतियों का सामना करना पड़ा?

Advertisements
Advertisements

प्रश्न

टोपी नवीं कक्षा में दो बार फ़ेल हो गया। बताइए −

एक ही कक्षा में दो-दो बार बैठने से टोपी को किन भावात्मक चुनौतियों का सामना करना पड़ा?

टिप्पणी लिखिए
Advertisements

उत्तर

पहली बार एक कक्षा छोटे बच्चों के साथ बैठना पड़ा। दूसरे साल सातवीं के बच्चों के साथ बैठना पड़ा था। इसलिए उसका कोई दोस्त नहीं बन पाया था। अध्यापक भी बच्चों को न पढ़ने के कारण फ़ेल होने का उदाहरण टोपी का नाम लेकर देते थे, उसका मज़ाक उड़ाते थे। मास्टर भी उसे नोटिस नहीं करते थे। उससे कोई उत्तर नहीं पूछते बल्कि कहते अगले साल पूछ लेंगे या कहते इतने सालों में तो आ गया होगा। इस तरह सभी उसे भावनात्मक रूप से आहत करते थे। फिर अंत में इन चुनौतियों को स्वीकार कर उसने सफलता प्राप्त की।

shaalaa.com
टोपी शुक्ला
  क्या इस प्रश्न या उत्तर में कोई त्रुटि है?
अध्याय 3: टोपी शुक्ला - बोध-प्रश्न [पृष्ठ ४४]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Hindi Sanchayan Bhag 2 Class 10
अध्याय 3 टोपी शुक्ला
बोध-प्रश्न | Q 10.2 | पृष्ठ ४४

संबंधित प्रश्न

इफ़्फ़न की दादी अपने पीहर क्यों जाना चाहती थीं?


इफ़्फ़न की दादी अपने बेटे की शादी में गाने-बजाने की इच्छा पूरी क्यों नहीं कर पाईं?


'अम्मी' शब्द पर टोपी के घरवालों की क्या प्रतिक्रिया हुई?


दस अक्तूबर सन् पैंतालीस का दिन टोपी के जीवन में क्या महत्व रखता है?


टोपी और इफ़्फ़न की दादी अलग-अलग मजहब और जाति के थे पर एक अनजान अटूट रिश्ते से बँधे थे। इस कथन के आलोक में अपने विचार लिखिए।


टोपी नवीं कक्षा में दो बार फ़ेल हो गया। बताइए −

ज़हीन होने के बावजूद भी कक्षा में दो बार फ़ेल होने के क्या कारण थे?


टोपी नवीं कक्षा में दो बार फ़ेल हो गया। बताइए −

टोपी की भावात्मक परेशानियों को मद्येनज़र रखते हुए शिक्षा व्यवस्था में आवश्यक बदलाव सुझाइए?


इफ़्फ़न की दादी के मायके का घर कस्टोडियन में क्यों चला गया?


इफ़्फ़न के पूर्वजों का संक्षिप्त परिचय दीजिए।


लखनऊ आकर भी इफ्फ़न की दादी की एक विशिष्ट पहचान बनी हुई थी। स्पष्ट कीजिए।


मृत्यु के करीब आने पर इम्फ़न की दादी को क्या-क्या याद आया?


टोपी शुक्ला पाठ के आधार पर बताइए कि टोपी को किन-किन से अपनापन मिला? क्या आज के समय में भी ऐसा अपनेपन की प्राप्ति संभव है?


किन बातों से पता चलता है कि टोपी को इफ्फ़न की दादी बहुत प्रिय थीं?


प्रेम मानवीय रिश्तों की बुनियाद है।’ इसमें उभरने वाले जीवन मूल्यों को टोपी शुक्ला पाठ के आलोक में स्पष्ट कीजिए।


वह तो जब डॉक्टर साहब की ज़मानत ज़ब्त हो गई तब घर में ज़रा सन्नाटा हुआ और टोपी ने देखा कि इम्तहान सिर पर खड़ा है।

वह पढ़ाई में जुट गया। परंतु ऐसे वातावरण में क्या कोई पढ़ सकता था? इसलिए उसका पास ही हो जाना बहुत था।

"वाह!" दादी बोलीं, "भगवान नज़रे-बद से बचाए। रफ़्तार अच्छी है। तीसरे बरस तीसरे दर्जे में पास तो हो गए।…."

टोपी ज़हीन होने के बावजूद कक्षा में दो बार फेल हो गया। जीवन में प्रतिकूल परिस्थितियों से हार मान लेना कहाँ तक उचित है? टोपी जैसे बच्चों के विषय में आपकी क्या राय है?


निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में दीजिए:

ठाकुर हरिनाम सिंह के तीनों लड़कों को एहसास था कि वे कलेक्टर के बेटे हैं। लेखक द्वारा ऐसा कहा जाना ठाकुर हरिनाम सिंह के तीनों बेटों और टोपी के विषय में किस विचारधारा को स्पष्ट करता है। 'टोपी शुक्ला' पाठ के आधार पर लिखिए।


पूरक पाठ्य पुस्तक पर आधारित निम्नलिखित प्रश्न का उत्तर लगभग 60 शब्दों में दीजिए -

इफ़्फ़न के पिता के तबादले के बाद टोपी शुक्ला का कोई और मित्र क्यों नहीं बन सका? इसका उसके बालमन पर क्या प्रभाव पड़ा?


Share
Notifications

Englishहिंदीमराठी


      Forgot password?
Use app×