Advertisements
Advertisements
प्रश्न
तताँरा ने अपने क्रोध के शमन के लिए क्या किया?
Advertisements
उत्तर
वामीरो की माँ और गाँववालों द्वारा अपमानित होने के बाद क्रोधित हो उठा। उसे समझ में नहीं आया कि वह क्या करे। उसने अपनी तलवार निकालकर धरती में पूरी शक्ति से घोंप दी और पूरी शक्ति से धरती को काटने लगा। इससे वह पसीने से लथपथ होकर निढाल हो गया और गिर पड़ा।
APPEARS IN
संबंधित प्रश्न
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर एक-दो पंक्तियों में दीजिए-
तताँरा और वामीरो के गाँव की क्या रीति थी?
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (25-30 शब्दों में) लिखिए-
निकोबार के लोग तताँरा को क्यों पसंद करते थे?
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए-
प्राचीन काल में मनोरंजन और शक्ति प्रदर्शन के लिए किस प्रकार के आयोजन किए जाते थे?
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर (50-60 शब्दों में) लिखिए-
रूढ़ियाँ जब बंधन बन बोझ बनने लगें तब उनका टूट जाना ही अच्छा है। क्यों? स्पष्ट कीजिए।
द्वीप समूह के बारे में निकोबारियों का विश्वास स्पष्ट कीजिए।
तताँरा की तलवार लोगों की चर्चा का विषय क्यों थी?
समुद्र के किनारे गया तताँरा अपनी सुध-बुध क्यों खोने लगा?
तताँरा वामीरो के प्रश्न का जवाब देने के बजाए उससे एक ही आग्रह क्यों किए जा रहा था?
तताँरा द्वारा पूछने पर भी वामीरो उसे कोई जवाब क्यों नहीं दे रही थी?
वामीरो तताँरा को क्यों भूलना चाहती थी ? पर वह चाहकर भी ऐसा क्यों नहीं कर पा रही थी?
तताँरा और वामीरो ने अपने प्रेम के लिए आत्मबलिदान देकर आनेवाली पीढ़ी को नई राह दिखाई। स्पष्ट कीजिए।
पुस्तकालय में उपलब्ध विभिन्न प्रदेशों की लोककथाओं का अध्ययन कीजिए।
अंदमान निकोबार द्वीप समूह की प्रमुख जनजातियों की विशेषताओं का अध्ययन पुस्तकालय की सहायता से कीजिए।
दिसंबर 2004 में आए सुनामी का इस द्वीप समूह पर क्या प्रभाव पड़ा? जानकारी एकत्रित कीजिए।
इस वर्ष आपने पाठ्यक्रम में लोककथा पर आधारित एक कहानी पढ़ी है। यह कहानी समाज की विसंगतियों को दूर करने का संदेश देती है। कथन का मूल्यांकन करते हुए अपने विचार कीजिए।
निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के उत्तर के लिए सही विकल्प का चयन कीजिए -
| क्रोध में उसने तलवार निकाली और कुछ विचार करता रहा। क्रोध लगातार अग्नि की तरह बढ़ रहा था। लोग सहम उठे। एक सन्नाटा-सा खिंच गया। जब कोई राह न सूझी तो क्रोध का शमन करने के लिए उसमें शक्ति भर उसे धरती में घोंप दिया और ताकत से उसे खींचने लगा। वह पसीने से नहा उठा। सब घबराए हुए थे। वह तलवार को अपनी तरफ़ खींचते-खींचते दूर तक पहुँच गया। वह हाँफ रहा था। अचानक जहाँ तक लकीर खिंच गई थी, वहाँ एक दरार होने लगी। मानो धरती दो टुकड़ों में बँटने लगी हो। एक गड़गड़ाहट-सी गूँजने लगी और लकीर की सीध में धरती फटती ही जा रही थी। द्वीप के अंतिम सिरे तक तताँरा धरती को मानो क्रोध में काटता जा रहा था। सभी भयाकुल हो उठे। लोगों ने ऐसे दृश्य की कल्पना न की थी, वे सिहर उठे। उधर वामीरो फटती हुई धरती के किनारे चीखती हुई दौड़ रही थी - तताँरा... तताँरा... तताँरा उसकी करुण चीख मानो गड़गड़ाहट में डूब गई। तताँरा दुर्भाग्यवश दूसरी तरफ़ था। द्वीप के अंतिम सिरे तक धरती को चाकता वह जैसे ही अंतिम छोर पर पहुँचा, द्वीप दो टुकड़ों में विभक्त हो चुका था। एक तरफ़ तताँरा था दूसरी तरफ़ वामीरो। |
- लोगों का सहम जाना किस बात का परिचायक है?
(A) भय
(B) करुणा
(C) क्रोध
(D) प्रसन्नता - तताँरा को कोई राह न सूझने के कारणों पर विचार कीजिए और उचित विकल्प का चयन कीजिए।
(i) आत्मसमर्पण का भाव
(ii) वामीरो से अत्यधिक प्रेम
(iii) तलवार की दैवीय शक्ति
(iv) गाँव वालों के प्रति रोष
(A) (i) और (iii)
(B) (i), (iii), (iv)
(C) केवल (iii)
(D) (i), (ii) और (iv) - निम्नलिखित कथन-कारण को पढ़कर उचित विकल्प का चयन कीजिए।
कथन (A): लोगों ने ऐसे दृश्य की कल्पना न की थी।
कारण (R): ग्रामवासियों ने यह कदापि न सोचा था कि तताँरा की प्रतिक्रिया इतनी विनाशकारी सिद्ध हो सकती है।
(A) कथन (A) तथा कारण (R) दोनों गलत है।
(B) कथन (A) गलत है लेकिन कारण (R) सही है।
(C) कथन (A) सही है लेकिन कारण (R) उसकी गलत व्याख्या करता है।
(D) कथन (A) तथा कारण (R) दोनों सही हैं तथा कारण (R) कथन (A) की सही व्याख्या करता है। - तताँरा और वामीरो अलग कैसे हुए?
(A) अपमान के डर से
(B) गाँव वालों के दबाव में
(C) पशु मैले की भीड़ के कारण
(D) भूमि के दो भागों में कटने से - गद्यांश के आधार पर निम्नलिखित में से कौन-सा विचार मेल खाता है -
(A) जो मनुष्य अपने क्रोध को अपने वश में कर लेता है, वह दूसरों के क्रोध से स्वयंमेव बच जाता है। - सुकरात
(B) क्रोध में मनुष्य अपने मन की बात नहीं कहता, वह केवल दूसरों का दिल दुखाना चाहता है। - प्रेमचंद
(C) वह आदमी वास्तव में बुद्धिमान है जो क्रोध में भी गलत बात मुँह से नहीं निकालता। - शेखसादी
(D) ईर्ष्या, लोभ, क्रोध एवं कठोर वचन - इन चारों से सदा बचते रहना ही वस्तुतः धर्म है। - तिरुवल्लुवर
'तताँरा-वामीरों कथा' में तताँरा की कौन सी विशेषताँए उभरकर आती हैं?
