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ऋतुस्राव क्यों होता है?

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प्रश्न

ऋतुस्राव क्यों होता है?

संक्षेप में उत्तर
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उत्तर १

ऋतुस्राव एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें हर महीने रुघिर एवं म्यूकस योनि के माध्यम से बाहर निष्कासित होती है। यह प्रक्रिया इसलिए होती है क्योंकि हर महीने एक अंडाणु अंडाशय से निकलता है और उसी समय गर्भाशय (कोख) अपने आप को निषेचित अंडाणु को प्राप्त करने के लिए तैयार करता है। इस प्रकार, गर्भाशय की आंतरिक परत मोटी हो जाती है और भ्रूण को पोषण देने के लिए इसे रक्त की आपूर्ति की जाती है। यदि अंडाणु निषेचित नहीं होता है, तो गर्भाशय की यह परत धीरे-धीरे टूट जाती है और रुघिर एवं म्यूकस के रूप में योनि से बाहर निकलती है। यह प्रक्रिया तीन से पांच दिनों तक चलती है।
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उत्तर २

निषेचन नहीं होने की स्थिति में अंडाशय की अंत:भित्ति की मांसल एवं स्पंजी परत जैसी संरचना की आवश्यकता नहीं रहती, क्योंकि यह अंड के निषेचन होने की अवस्था में उसके पोषण के लिए आवश्यक होता है। अतः यह परत धीरे-धीरे टूटकर योनि मार्ग से रुधिर एवं म्यूकस के रूप में निष्कासित होती है। इस चक्र में लगभग एक माह का समय लगता है, इसे ऋतुस्राव या रजोधर्म कहते हैं। यह तीन से पांच दिनों तक चलता है.

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लैंगिक जनन - मानव में लैंगिक जनन
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अध्याय 7: जीव जनन कैसे करते हैं - अभ्‍यास [पृष्ठ १४०]

APPEARS IN

एनसीईआरटी Vigyaan [Hindi] Class 10
अध्याय 7 जीव जनन कैसे करते हैं
अभ्‍यास | Q 6. | पृष्ठ १४०

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