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मैंने समझा उपहार पाठ से

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प्रश्न

मैंने समझा उपहार पाठ से 

अति संक्षिप्त उत्तर
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उत्तर

इस कहानी से मैंने समझा कि हमें हमेशा सच बोलते हुए ईमानदारी का रास्ता अपनाना चाहिए। मेहनत व लगन के साथ हमें हमेशा विकास की ओर आगे बढ़ना चाहिए।

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गद्य (6th Standard)
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अध्याय 1.03: उपहार - उपहार [पृष्ठ ९]

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बालभारती Hindi Sulabhbharati [English] Standard 6 Maharashtra State Board
अध्याय 1.03 उपहार
उपहार | Q (४) | पृष्ठ ९
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